मुंबई: भारतीय रिजर्व बैंक ने कई नियामकीय खामियों के मद्देनजर मुंबई के पंजाब एंड महाराष्ट्र को-आपरेटिव बैंक (पीएमसी) के परिचालन पर छह महीने के लिए कुछ पाबंदियां लगा दी हैं. रिजर्व बैंक ने निर्देश दिया है कि इस 6 माह की अवधि के दौरान पीएमसी के प्रत्येक ग्राहक के लिए निकासी की सीमा 1,000 रुपए रहेगी. साथ ही इस दौरान बैंक कोई नया ऋण नहीं दे सकेगा. पीएमसी के पास सार्वजनिक जमा 11,000 करोड़ रुपए का है. Also Read - Palghar mob lynching case: कोर्ट ने गिरफ्तार 89 लोगों को जमानत दी, बताई ये वजह

गैर निष्पादित आस्तियों (एनपीए) को काफी कम कर दिखाने और अन्य नियामकीय खामियों के मद्देनजर शहरी सहकारी बैंक पर ये प्रतिबंध लगाए हैं. Also Read - मुंबई में पति ने पत्‍नी को लोकल ट्रेन से दिया धक्‍का, नीचे गिरने पर हुई मौत, दो माह पहले की थी शादी

रिजर्व बैंक ने नियामकीय कार्रवाई की कोई वजह नहीं बताई है. केंद्रीय बैंक ने बयान में कहा कि पीएमसी रिजर्व बैंक की लिखित अनुमति के बिना न तो नया कर्ज दे सकेगा और न ही किसी ऋण का नवीकरण कर सकेगा. साथ ही न तो बैंक कोई निवेश कर सकेगा, न ही नई जमा ले सकेगा. बैंक अपनी देनदारियों और प्रतिबद्धताओं के बदले किसी तरह का भुगतान भी नहीं कर सकेगा. Also Read - प्‍लेबैक सिंगर के एक ट्वीट पर दिग्‍गज मंत्री का खुलासा, उसकी बहन से रिश्‍ते में रहा हूं, पैदा हुए बच्‍चों का 'प‍िता' भी हूं