मुंबई: कोरोना वायरस के फैलने से उभरी चुनौतियों से अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए रिजर्व बैंक पूरी तरह से तैयार है. केंद्रीय बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने शुक्रवार को आश्वस्त किया कि इस चुनौती से निपटने लिए बैंक हर जरूरी कदम उठाएगा. दास ने यहां एक कार्यक्रम में कहा, कोरोना वायरस की वजह से पैदा हुई चुनौतियों से निपटने के लिए हम तैयार हैं. Also Read - Fake Remdesivir Injection: पानी में पैरासीटामॉल घोल Remdesivir के नाम पर 35 हज़ार रु तक में बेचे, पकड़े गए

बता दें कि चीन के वुहान शहर से फैलना शुरू हुए कोरोना वायरस का प्रकोप दुनिया के करीब 80 देशों तक फैल चुका है. इस वायरस की चपेट में दुनियाभर में 3,300 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है. Also Read - भारत का अब तक 12 करोड़ लोगों के लगी कोरोना वैक्सीन, 24 घंटे में 30 लाख लोगों को लगा टीका

गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि हमारे पास इस संकट से निपटने के लिए पर्याप्त संसाधन हैं. हमारे पास भारी मात्रा में विदेशी पूंजी का भंडार भी है. वैश्विक स्तर पर नकदी संकट के दबाव को कम करने के लिए उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के मुद्रा विनिमय की आसान, निष्पक्ष और खुली (नॉन-स्टिगमटाइज्ड) प्रणाली शुरू करने की भी जरूरत बताई. Also Read - Remdesivir Price Reduced: केंद्र सरकार ने Remdesivir के दाम 50 प्रतिशत कम किए, अब इतनी होगी कीमत

दास ने कहा कि कोरोना वायरस की वजह से वैश्विक आर्थिक वृद्धि दर के नरम पड़ने की आशंका है. उन्होंने कहा, इससे निपटने के लिए जिस भी तरह के हस्तक्षेप की जरूरत होगी, आरबीआई उसके लिए तैयार है. सभी केंद्रीय बैंक कोरोना वायरस की चुनौती से निपटने के लिए साथ मिलकर काम करने को संकल्पित हैं.

घरेलू उद्योगों के बारे में उन्होंने कहा कि देश में कुछ ही क्षेत्र हैं जो चीन पर निर्भर करते हैं और वह इस महामारी से प्रभावित हो सकते हैं. लेकिन इसके असर को कम करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं.

गवर्नर ने कहा कि कोरोना वायरस का भारत पर प्रभाव सीमित रहेगा क्योंकि हमारी अर्थव्यवस्था वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला पर बहुत ज्यादा निर्भर नहीं करती है, इसलिए उस सीमा तक हम उससे बचे रहेंगे.