मुंबई: रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL-Reliance Industries Q4 Results) का चौथी यानी जनवरी-मार्च तिमाही में मुनाफा 6,348 करोड़ रुपये रहा है. वहीं, इस दौरान आमदनी 1.36 लाख करोड़ रुपये हो गई है. इसके अलावा बोर्ड ने राइट्स इश्यू को भी मंजूरी दे दी है. आरआईएल के टेलिकॉम आर्म रिलायंस जियो को भी शानदार मुनाफा हुआ है. सालाना आधार पर यह 177.5 फीसदी और तिमाही आधार पर 72.7 फीसदी बढ़कर 2,331 करोड़ रुपये रहा है. जियो का सब्सक्राइबर बेस 26.30 फीसदी बढ़कर 38.75 करोड़ हो गया है. जबकि ARPU भी बढ़कर 130.60 रुपए हो गया. Also Read - कोरोना काल में इन उद्योगपतियों ने दिया हजारों करोड़ का दान, जानिए- किस बिजनेसमैन ने दिया मुकेश अंबानी से 17 गुना ज्यादा

वहीं, दूसरी ओर कोरोना वायरस महामारी के इस संकट में रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी (Reliance Industries Chairman Mukesh Ambani) ने सैलरी नहीं लेने का फैसला किया है. RIL के बोर्ड मेंबर्स ने भी अपनी सैलरी में 50 फीसदी तक कटौती करने का फैसला किया है. Also Read - जियो प्लेटफॉर्म टाइम मैगजीन की 100 सबसे प्रभावशाली कंपनियों की सूची में शामिल

कंपनी ने फाइनेंशियल रिजल्ट में बताया कि उसका कुल रेवेन्यून 2.30 प्रतिशत गिरकर 1.39 लाख करोड़ रुपए रहा है. कंपनी ने इसी के साथ 53,125 करोड़ रुपए का देश का सबसे बड़ा राइट इश्यू भी घोषित किया. इसकी कीमत 1,257 प्रति शेयर होगी. यह राइट इश्यू शेयरधारकों को रिलायंस के बिजनेस की ग्रोथ में भागीदार बनाने में सक्षम बनाएगा. इसी के साथ कंपनी ने 6.50 रुपए प्रति इक्विटी शेयर का डिविडेंड भी घोषित किया. Also Read - Jio Special Offer: एक रुपये में पाएं 56 GB 4G Internet डेटा साथ ही 28 दिन की वैलिडिटी, बिना कोई देरी किए लें लाभ

इससे पहले बुधवार को रेटिंग एजेंसी स्टैंडर्ड एंड पूअर्स ने रिलायंस इंडस्ट्रीज की वर्तमान रेटिंग बीबीबी प्लस को बनाए रखा. एजेंसी ने कहा कि तेल से लेकर रिटेल क्षेत्र में कार्यरत रिलायंस कंपनी का कर्ज अगले एक-दो साल में कम हो जाएग और इसमें स्थिरता आ जाएगी. एजेंसी ने कंपनी के अनुशासित खर्च, संपत्तियों की व्यवस्थित बिक्री और मजबूत लाभ बनाए रखने की क्षमता का उल्लेख करते हुए उसकी रेटिंग का स्तर वर्तमान बीबीबी+ श्रेणी में बनाए रखा है. फेसबुक ने पिछले सप्ताह रिलायंस इंडस्ट्रीज की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी जिओ प्लैटफॉर्म्स लिमिटेड में 9.99 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने की घोषणा की.