नई दिल्लीः पूरी दुनिया के शेयर बाजारों में कोरोना वायरस की वजह से कोहराम मचा हुआ है. भारतीय शेयर बाजार भी इससे अछूता नहीं है. इसमें पिछले दो सप्ताह से लगातार गिरावट देखी जा रही है. इस सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिवस शुक्रवार को भी बाजार खुलने के साथ उसमें भारी गिरावट देखी गई. बांबे स्टॉक एक्सचेंज का संवेदी सूचकांक सेंसेक्स करीब 1300 अंकों की गिरावट के साथ जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी सूचकांक करीब 300 से अधिक अंकों की गिरावट के साथ खुला. Also Read - Stock Market Today 1 APRIL 2020: महीने के पहले दिन लाल निशान के साथ खुला शेयर बाजार, 599 अंक गिरा सेंसेक्स

सुबह करीब  11 बजे सेंसेक्स 1200 अंकों की गिरावट के साथ 37270 पर कारोबार कर रहा था. वहीं निफ्टी 11 हजार के मनोवैज्ञानिक स्तर से नीचे करीब 10900 पर कारोबार कर रहा था. Also Read - Stock Market Today 31 March 2020: मंगलवार को हरे निशान के साथ खुला शेयर बाजार, सेंसेक्स-निफ्टी में बढ़त

इस समय वैश्विक बाजार में कोरान वायरस का भय नजर आ रहा है. आर्थिक मामलों के जानकारों का कहना है कि अगर लंबे समय तक यही हाल रहा तो दुनिया भर के बड़े देशों के लिए यह काफी घातक साबित होगा.  शेयर बाजार में इस भारी गिरावट का कारण कोरोना वायरस के साथ साथ यस बैंक भी है. Also Read - Coronavirus: सेंसेक्स में1,375 अंकों की गिरावट, निफ्टी 8,300 अंक के नीचे बंद

गुरुवार को भारतीय रिजर्व बैंक ने येस बैंक पर रोक लगाते हुए निकासी की सीमा 50,000 रुपए तय की गई है. बैंक के ग्राहकों के लिए अपना पैसा निकालने की सीमा 50,000 रुपए तय की गई है. निजी क्षेत्र का बैंक काफी समय से बढ़ते डूबे कर्ज की समस्या जूझ रहा था.

पांच मार्च की देर शाम RBI (भारतीय रिजर्व बैंक) ने हस्‍तक्षेप करते हुए इस बैंक के लिए प्रशासक नियुक्त कर दिया है. इसके साथ ही बैंक के निदेशक मंडल को भंग कर दिया गया है. बैंक पर आए इस वित्तीय संकट से इसके ग्राहकों के लिए परेशानी खड़ी हो गई है. दरअसल बैंक पर लगी पाबंदियों ने ग्राहकों के हाथ भी बांध दिए हैं. अब इस बैंक के ग्राहक एक महीने में 50 हजार रुपये से अधिक अपने खाते से नहीं निकल पाएंगे. केंद्रीय बैंक ने अगले आदेश तक बैंक के ग्राहकों के लिए निकासी की सीमा 50,000 रुपये तय की है.

अगस्‍त 2018 में यस बैंक का जो शेयर 400 रुपये से अधिक के भाव पर बिक रहा था वो आज लुढ़क कर 30 रुपये से भी नीचे आ गया है. वहीं सितंबर 2018 में यस बैंक का मार्केट कैप करीब 80 हजार करोड़ रुपये था, जो अब 9 हजार करोड़ के स्‍तर पर आ गया है. इस हिसाब से बैंक के मार्केट कैप में 70 हजार करोड़ रुपये से ज्‍यादा की कमी आई है.