नई दिल्लीः बिहार नीतीश सरकार छात्रों के लिए के खास योजना लेकर आई है. अगर यह योजना ठीक प्रकार से क्रियान्वित हुई तो बिहार के छात्र छात्राओं के लिए एक वरदान साबित होगी. बिहार सरकार ने सभी जिलाधिकारियों से कहा है कि वो लोन योजना के बारे में ज्यादा से ज्यादा शिक्षण संस्थानों में इसका प्रचार करें. सरकारी सूत्रों के अनुसार जब कोई छात्र लोन के लिए अप्लाई करेगा तो उसे एक महीने के अंदर लोन दिया जाएगा.

जानकारी के अनुसार अगले वर्ष सरकार ने लगभग 75 हजार छात्रों को लाभ पहुंचाने का लक्ष्य रखा है जबकि 2020-21 में सरकार ने एक लाख से अधिक छात्रों को लोन देने का लक्ष्य रखा है. आपको बता दें कि इस योजना का लाभ किसी भी लाभ का छात्र ले सकता है. इसमें किसी भी प्रकार की जाति या फिर आय का बंधन नहीं है.

लोन देने के लिए छात्रों का चयन किया जाएगा. सरकार ने कहा कि यह तब होगा जब लक्ष्य से अधिक आवेदन फॉर्म प्राप्त होंगे. छात्रों को लोन शिक्षा वित्त निगम के माध्य से दिया जाएगा. लोन पाने वाले पहले पांच जिले पटना, गया, बेगूसराय, मुजफ्फरपुर, एवं पूर्वी चंपारण हैं.

ये मिलेंगे लाभ

-छात्र राज्य का निवासी हो और बिहार या फिर सीमावर्ती राज्य से 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की हो.

-अगर छात्र हॉस्टल में रहना चाहता है तो फिर राशि शैक्षणिक संस्थान को दी जाएगी.

-कॉलेज के हॉस्टल में नहीं रहने की स्थिति में विद्यार्थियों के लिए फीस शहरों के लिए निर्धारित राशि उपलब्ध कराई जाएगी.

-मंहगाई के आधार पर लोन की राशि में होगी बढ़ोत्तरी

-तकनीकी पाठ्यक्र के लिए चार लाख का लोन, 35 हजार का लैपटॉप सहित