Watch Video: Kota में Suicide रोकने के लिए Hostels के पंखों पर लगे Springs

कोटा में बढ़ते सुसाइड के मामले को देखते हुए पीजी और हॉस्टलों में पंखों में स्प्रींग लगाया जा रहा है. ये पहले आत्महत्या के मामलों को रोकने के लिए की गई है.

Published date india.com Published: August 18, 2023 11:42 AM IST
'Depressed' IIT-Delhi Student Dies By Suicide At Home In Vivek Vihar Area, Used Weight Lifting Rod To Hang Self
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कोटा: राजस्थान का कोटा एक समय पर जेईई-नीट (Kota JEE NEET) की तैयारी के लिए फेमस हुआ करता था, लेकिन अब कोटा छात्रों के लिए एक सुसाइड हब बनते जा रहा है. कोटा से कई सुसाइड के केस सामने आ चुके हैं. इस गंभाीर मुद्दे को ध्यान में रखते हुए राजस्थान सरकार ने कोटा के कोचिंगों में रविवार को कोई भी टेस्ट न लेने का निर्देश दिया था. साथ ही मेंटल हेल्थ पर एक क्लास (Kota Mental health Class) शुरू करने की भी बात कही गई थी. कोटा में बढ़ते सुसाइड को देखते हुए पीजी और हॉस्टल में एक नायाब तरीका अपनाया गया है. आत्महत्या को रोकने के लिए पीजी और हॉस्टल के पंखों में स्प्रींग लगाया जा रहा है. जिससे बच्चें अगर फांसी लगाने की कोशिश करें पंखा नीचे आ जाए.

वीडियो में देखें कैसे काम करेगा

वीडियो में आप देख सकते हैं कि पंखें पर लटकने से कैसे पंखा नीचे की ओर आ जा रहा है. कोटा में सुसाइड को रोकने की ये अच्छी कोशिश कही जा सकता ही. अबतक जीतने भी सुसाइड के केस सामने आए हैं उनमें यहीं देखा कि पंखे से फांसी लगाकर ही अपनी जीवन लीला समाप्त कर रहे हैं. ऐसे में पीजी और हॉस्टल की ये पहल की है, जिससे स्टूडेंट्स पंखे से लटककर तो नहीं लगा पाएंगे.

कोटा में सुसाइड के मामले

रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2023 की बात करें तो 16 सुसाइड केस सामने आ चुके हैं. जबकि पिछले साल 2022 में कोटा में 15 छात्रों द्वारा आत्महत्या के मामले दर्ज किए गए थे. वहीं पूरे भारत की बात करें तो 2018 से 2022 के दौरान पांच साल में आईआईटी, एनआईटी और आईआईएम जैसे प्रमुख शिक्षण संस्थानों में 55 छात्रों ने आत्महत्या के मामले सामने आए हैं. स्टूडेंट्स की आत्महत्या की खबरें देश की बड़ी समस्या का विषय है. इस मामले को गंभरिता से लेते हुए मंत्रालय ने शैक्षणिक तनाव को कम करने के लिए छात्रों के लिए साथियों की सहायता से सीखना, क्षेत्रीय भाषाओं में तकनीकी शिक्षा की शुरुआत जैसे कई कदम उठाए हैं.

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