नई दिल्ली: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा गठित की गई विशेष कमेटी ने देशभर के लगभग सभी कॉलेजों में वायवा टेस्ट ऑनलाइन कराने की सिफारिश की, जिसे स्वीकार कर लिया गया है. सिफारिश को अमल में लाते हुए अब दिल्ली विश्वविद्यालय, जेएनयू, हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय समेत विभिन्न विश्वविद्यालयों ने ऑनलाइन परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी है.Also Read - UGC NET Admit Card 2021: दिसंबर 2020 और जून 2021 परीक्षा के लिये हॉल टिकट जारी, ऐसे करें डाउनलोड

यूजीसी द्वारा गठित विशेष कमेटी के अध्यक्ष व हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति आर सी कुहाड़ ने कहा, “कोरोना संकटकाल के उपरांत भी सामान्य दिनों में पढ़ाई का 25 प्रतिशत हिस्सा ऑनलाइन माध्यमों के जरिए पूरा किया जाएगा.” विशेष कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में कहा, “वार्षिक परीक्षा 50 फीसदी अंकों की होनी चाहिए, जबकि अन्य 50 फीसदी अंक पूर्व में आयोजित सेमेस्टर परीक्षा के प्रदर्शन पर आधारित किए जाएं. इसके अलावा अकादमिक सत्र 2020-21 में 40 फीसदी पाठ्यक्रम ऑनलाइन माध्यम से करवाएं जा सकते हैं.” Also Read - UGC New Guidelines for Teachers: शिक्षकों की स्थायी नियुक्ति के लिए यूजीसी ने जारी की नई गाइडलाइंस, यहां देखें

इसके तहत अब विश्वविद्यालयों में वायवा और प्रैक्टिकल टेस्ट ऑनलाइन करवाने का खाका तैयार किया जा रहा है. उच्च शिक्षा को लेकर तैयार किए गए कार्यक्रम में एमफिल और पीएचडी के छात्रों को विशेष राहत प्रदान की है. एमफिल और पीएचडी करने वालों को थीसिस जमा करने के लिए तय आखिरी तारीख से 6 माह और दिए जाएंगे. विश्वविद्यालय अनुदान आयोग से कालेजों में परीक्षा का समय घटाने की सिफारिश की गई है. यूजीसी को भेजी गई सिफारिश में कहा गया है कि परीक्षा का समय घटा कर तीन घंटे के स्थान पर दो घंटे का कर देना चाहिए. Also Read - यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में 1 अक्टूबर से नया शैक्षणिक सत्र शुरू होगा, एग्‍जाम व एडमिशन के लिए UGC की ये है गाइडलाइंस