पंजाब में अंतरकलह से परेशान कांग्रेस के सामने एक और राज्य से चुनौती सामने आने लगी है. छत्तीसगढ़ में सत्तारूढ़ कांग्रेस के भीतर कथित तौर पर ढाई साल में सत्ता साझा करने के फॉर्मूले की अटकलों के बीच मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि अगर पार्टी आलाकमान उन्हें निर्देश देगा तो वह पद छोड़ देंगे.Also Read - कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू को किसानों ने काले झंडे दिखाए, जानें किस बात का हुआ विरोध

दिल्ली में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा से मुलाकात करने के बाद रायपुर हवाईअड्डे पर बघेल ने संवाददातओं से कहा, ‘ मैं वीरभद्र सिंह जी को श्रद्धांजलि देने के लिए हिमाचल प्रदेश गया था… मार्च के अंत में कोविड महामारी की दूसरी लहर का प्रकोप शुरू होने के बाद यह दिल्ली की मेरी पहली यात्रा थी. आज मैंने प्रियंका जी और पी एल पुनिया जी के साथ दिल्ली में औपचारिक बैठक की. पुनिया जी के साथ राज्य की राजनीति एवं विभिन्न सरकारी कार्यक्रमों को लेकर चर्चा हुई.’ Also Read - राजस्थान में सियासी मुश्किलें सुलझाएगी कांग्रेस, मंत्रिमंडल का विस्तार होगा, क्या सचिन पायलट को मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी?

राज्य में कथित तौर पर बारी-बारी से मुख्यमंत्री बनने के संबंध में पूछे गए सवाल पर बघेल ने कहा, ‘ आप यही सवाल बार-बार पूछ रहे हैं और हमेशा मेरा जवाब एक ही रहेगा कि पार्टी आलाकमान ने मुझे जिम्मेदारी दी है और अगर आलाकमान आदेश देगा तो मैं पद छोड़ दूंगा.’ Also Read - सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश की BSP MLA के पति की जमानत की रद्द, जताई सख्‍त नाराजगी