रायपुर. पति-पत्नी जीवन की गाड़ी के दो पहिए होते हैं…, यह कहावत तो आपने सुनी ही होगी. साथ ही पति-पत्नी के आपसी संबंधों को लेकर बनने वाले चुटकुले भी सुने होंगे. उनके बीच की आपसी नोक-झोंक पर किए जाने वाले व्यंग्यों से भी आपका साबका पड़ा होगा. लेकिन इन सबसे इतर छत्तीसगढ़ के एक दंपति ने शिक्षा के क्षेत्र में जो मिसाल कायम की है, दूसरों को उससे प्रेरणा लेनी चाहिए. जी हां, इस दंपति ने राज्य लोकसेवा आयोग की एक परीक्षा में टॉप करने का रिकॉर्ड बनाया है. पति ने जहां पहला स्थान हासिल किया, तो वहीं पत्नी दूसरे नंबर पर आई है.

छत्तीसगढ़ लोकसेवा आयोग ने मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) पद के लिए परीक्षा ली थी. इसमें एक दंपति ने पहला और दूसरा स्थान हासिल कर इतिहास रच दिया है. संभवत: यह पहला मौका होगा, जब पति-पत्नी किसी प्रतियोगी परीक्षा की मेरिट लिस्ट में पहले दो स्थानों पर रहे हों. बिलासपुर जिले की बिल्हा पंचायत में एडीओ के पद पर पदस्थ विभा सिंह और उनके पति अनुभव सिंह ने लोकसेवा आयोग द्वारा आयोजित मुख्य नगर पालिका अधिकारी के पद की चयन परीक्षा में हिस्सा लिया था.

अनुभव मूलरूप से रायपुर के रहने वाले हैं, मगर पत्नी की पदस्थापना के कारण वे बिलासपुर में रहकर ही परीक्षा की तैयारी कर रहे थे. इस सफलता से विभा व अनुभव दोनों बेहद खुश हैं, क्योंकि पीएससी की मेरिट लिस्ट में पति-पत्नी क्रमश: पहले और दूसरे स्थान पर हैं. अनुभव सिंह को 300 में से 278 और विभा को 268 अंक मिले हैं. दोनों एक दशक से पीएससी की तैयारी कर रहे थे. अब कामयाब हुए तो इस तरह कि इतिहास रच दिया.