रायपुरः छत्तीसगढ़ में कोरोना वायरस के संदिग्ध 82 लोगों के नमूनों की जांच की चुकी है. किसी भी व्यक्ति में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है. राज्य के स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने मंगलवार को यहां बताया कि 10 नए नमूनों का परिणाम आया है और सभी नेगेटिव हैं. राज्य में अब तक किसी भी व्यक्ति में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है. Also Read - Covid-19: तेलंगाना में कोरोना वायरस से पहली मौत, 6 नए मामले

अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार तक राज्य में कुल 94 लोगों के नमूनों को जांच के लिए भेजा जा चुका है, जिनमें से 82 लोगों की जांच की रिपोर्ट में उनके कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि नहीं हुई है. वहीं पांच नमूनों की रिपोर्ट अभी नहीं मिली है. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नमूनों की जांच रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में की जा रही है. Also Read - Covid-19: BCCI ने प्रधानमंत्री के आपदा प्रबंधन राहत कोष में दिए 51 करोड़ रूपये

अधिकारियों ने बताया रायपुर विमानलत में सभी यात्रियों की स्क्रीनिंग की जा रही है तथा उनसे स्व घोषणा पत्र लिया जा रहा है. कोरोना वायरस से प्रभावित देश से यात्रा कर आने वाले यात्रियों को 14 दिन तक पृथक केंद्र में रहने की व्यवस्था की गयी गई है. इस बीच छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि चिकन खाने से कोराना वायरस नहीं फैला है. Also Read - कोरोना के भय से घर वापसी को बेताब प्रवासी मजदूर, आनंद विहार बस टर्मिनल पर जुटी हजारों की भीड़

बघेल ने कहा कि शाकाहारी होना अच्छा है, लेकिन चिकन खाने से कोरोना वायरस नहीं फैला है. यह केवल अफवाह है कि कोविड-19 चिकन खाने से फैला है. छत्तीसगढ़ में लोगों ने कोरोना वायरस से बचाव के लिए चिकन खाना कम कर दिया है जिससे यहां पोल्ट्री उद्योग की स्थिति पर असर पड़ा है.

छत्तीसगढ़ सरकार ने कोरोना वायरस से बचाव के लिए नगरीय निकायों की सीमा के अंतर्गत स्थित सभी सार्वजनिक पुस्तकालय (लाइब्रेरी) तथा शासकीय, अर्धशासकीय और निजी व्यायाम शाला (जिम), तरणताल (स्वीमिंग पुल), वॉटर पार्क और आंगनवाड़ी केंद्रों को 31 मार्च तक बंद रखने का फैसला किया है. वहीं राज्य के सभी विश्वविद्यालय और महाविद्यालयों को भी 31 मार्च तक बंद रखने के आदेश दिए गए हैं. वहीं विधानसभा में बजट सत्र के दौरान सदन की कार्यवाही 25 मार्च तक के लिए स्थगित कर दी गई है.