जगदलपुर (छत्तीसगढ़). शिक्षक को बच्चों के भविष्य का निर्माता कहा जाता है. लेकिन अगर शिक्षक ही कोई ऐसा काम करे, जिससे समाज को शर्मिंदा होना पड़े तो क्या किया जाए? लेकिन छत्तीसगढ़ में कुछ स्कूली छात्रों ने अपने शिक्षक को ‘गलत काम’ की ऐसी सजा दी कि अब वे कभी ऐसा काम करने से पहले दस बार सोचेंगे. जी हां, छत्तीसगढ़ के जगदलपुर जिले में कुछ स्कूली बच्चों ने एक शराबी शिक्षक को ऐसा पाठ पढ़ाया है, जो नशे में रहने वाले दूसरे शिक्षकों के लिए ‘सीख’ का काम भी कर सकता है. खासकर, नशेड़ी शिक्षक अगर इस खबर को पढ़ लेंगे, तो फिर कभी नशा करने की सोचेंगे भी नहीं. दरअसल, जगदलपुर के दरभा ब्लॉक के दुकारूपारा स्कूल के एक शिक्षक को शराब पीकर आना महंगा पड़ गया. अपने शिक्षक की इस करतूत से नाराज छोटे-छोटे बच्चों ने उनकी जमकर पिटाई कर दी.

शिक्षक खेमसिंह कंवर हमेशा की तरह गुरुवार को भी नशे में धुत्त होकर स्कूल पहुंचे और वहीं सो गए. इस दौरान बच्चों ने उन्हें उठाने की कोशिश भी की, पर वे नहीं उठे. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार खेमसिंह कंवर की नशे में रहने की आदत से बच्चे परेशान रहते थे. इसलिए गुरुवार को भी जब उन्होंने अपने टीचर को नशे की हालत में देखा तो बच्चे अपना गुस्सा रोक नहीं पाए. बच्चों के इस काम में स्कूल के समन्वयक ने भी मदद की और खेमसिंह कंवर को सबक सिखा दिया गया. विडंबना यह है कि इन क्षेत्रों में अधिकारी जांच करने कभी नहीं पहुंचते. यही वजह है कि शिक्षक व कर्मचारी मनमानी किया करते हैं. पर यहां शिक्षक की किस्मत खराब निकली और स्कूल समन्वयक सत्यनारायण सोनवानी औचक निरीक्षण पर पहुंच गए.

नशे में धुत्त शिक्षक को सबक सिखाने के लिए समन्वयक ने पहले तो छोटे-छोटे बच्चों के हाथों में छड़ी थमाई और नशेड़ी शिक्षक की पिटाई करवानी शुरू कर दी. इस मामले की जानकारी दरभा तहसीलदार मनहरण राठिया को दी गई. इसके बाद तहसीलदार ने शिक्षक का मुलायजा करवा कर उस पर कार्रवाई की.

(इनपुट – एजेंसी)