नई दिल्ली: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) को मंगलवार को ट्विटर पर उस वक्त ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा, जब खबरें सामने आने लगीं कि कथित तौर पर हिंदू भावनाओं को आहत करने के चलते उनके और लोकप्रिय क्विज शो ‘कौन बनेगा करोड़पति’ (Kaun Banega Crorepati) के निर्माताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है. शो में मनुस्मृति को जलाए जाने से संबंधित एक सवाल पूछकर उन्होंने हिंदुओं को अपमानित किया है, यह कहते हुए कि सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने उनकी तीव्र आलोचना की, नतीजतन इस दिन ‘बच्चन’ शब्द दिनभर ट्रेंड में रहा. Also Read - अमिताभ बच्चन की वो फिल्म जो आज तक नहीं बन पाई, महानायक ने फोटो शेयर कर किया खुलासा

एक यूजर ने ट्वीट करते हुए लिखा, “यह अमिताभ बच्चन के लिए शर्म की बात है, जिन्हें बस अपनी कमाई की पड़ी रहती है. केबीसी में कई तरह के सवाल पूछे जा सकते हैं, लेकिन इन्हें भारत से जुड़े विवादास्पद सवाल पूछना ही अच्छा लगता है. इस पर अब रोक लगनी चाहिए.” Also Read - KBC 12: क्या किसान का बेटा बन पाएगा करोड़पति? अमिताभ बच्चन ने पूछा 50 लाख का सवाल

एक ने लिखा, “अमिताभ बच्चन आज जिस जगह पर हैं, वह हिंदुओं की वजह से ही हैं, लेकिन वह इसी हिंदू धर्म को नीचा दिखाने का कोई कसर नहीं छोड़ते हैं. हम उन्हें दोषी नहीं ठहराते, क्योंकि हम हिंदुओं ने ही उन्हें सब कुछ दिया है. मैं केबीसी में अमिताभ बच्चन के पूछे सवाल की कड़ी निंदा करता हूं. केबीसी का पूर्ण बहिष्कार करें.” Also Read - KBC 12: MS Dhoni के सवाल पर कंटेस्टेंट ने इस्तेमाल की 2 लाइफलाइन, क्या आपको पता है इसका जवाब

एक ने यह भी लिखा, “कृपया इस सुपर स्मार्ट, एंग्री यंगमैन, गणित के महान ज्ञाता श्री अमिताभ बच्चन जी को सभी सोशल मीडिया प्लेटाफॉर्म पर अनफॉलो करें. कोई और मौका न दें. हैशटैगबॉलीवुडस्टार्सवर्किं गअगेंस्ट हैशटैगहिंदूज.”

इस पूरे विवाद की शुरुआत उस वक्त हुई, जब शो के करमवीर एपिसोड में हॉट सीट पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता वेजवाडा विल्सन और एक्टर अनूप सोनी से सवाल पूछा गया कि “25 दिसंबर 1927 को डॉ. बीआर अंबेडकर और उनके अनुयायियों ने किस ग्रंथ की प्रतियां जलाई थीं (ए) विष्णु पुराण (बी) भगवद् गीता (सी) ऋगवेद और (डी) मनुस्मृति.”

सही जवाब है मनुस्मृति. जवाब के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए महानायक ने कहा था कि वर्ष 1927 में जातिगत भेदभाव और छुआछूत को न्यायोचित ठहराने के लिए हिंदू ग्रंथ मनुस्मृति की आलोचना की थी और इसकी प्रतियां भी जलाई थीं.

इनपुट- एजेंसी