नई दिल्ली: फिल्मों में अपनी एक अलग पहचान बनाने वाले और दर्शकों के दिलों में अपनी एक खास पहचान बनाने वाले लोकप्रिय अभिनेता प्रभास (Prabhas) ने अब फिल्म जगत से हटकर एक नई मिसाल कायम की है. अभिनेता ने हैदराबाद के पास स्थित 1650 एकड़ में फैले विस्तृत आरक्षित वन क्षेत्र को पूर्ण रूप से विकसित करने का निर्णय लिया है. वन क्षेत्र के विकास के लिए जो भी धनराशि की ज़रुरत होगी उसे देने के लिए प्रभास अपनी सहमति जता चुके हैं. यह वन क्षेत्र संगारेड्डी जिला के खाजीपल्ली ग्राम परिधि में स्थित है, जो कि दुंदिगल के काफी समीप है. उनके इस प्रयास से संसाधनों में कमी की वजह से वनों के पिछड़ते विकास में न सिर्फ गति मिलेगी बल्कि इस दिशा में एक मील का पत्थर भी साबित होगी. Also Read - Bahubali: Before The Beginning को रिलीज़ करने से NetFlix का इनकार, क्या है वजह?

अपने इस प्रयास को एक कार्य प्रणाली का स्वरूप प्रदान करने हेतु प्रभास ने आज राज्य सभा सांसद जोगिनापल्ली संतोष कुमार के साथ खाजीपल्ली आरक्षित वन क्षेत्र का स्वयं निरीक्षण किया. उन्होंने यह भी कहा कि संतोष कुमार द्वारा कार्यान्वित ‘ग्रीन चैलेंज’ से प्रभावित होकर ही उन्होंने यह कदम उठाया है. आज वह तेलंगाना राज्य के वन मंत्री अल्लोल इंद्रकरन रेड्डी, राज्य सभा सांसद संतोष कुमार संग इस शुभ कार्य को प्रारंभ करने हेतु आधारशिला कार्यक्रम में सम्मिलित भी हुए हैं. Also Read - Salaar Releasing Date: प्रभास की फिल्म 'सलार' इस दिन होगी रिलीज, डार्क शेड में नजर आएंगे 'बाहुबली'  

उनका यह प्रयास खाजीपल्ली ग्राम और समीप के क्षेत्रों में रहने वाले ग्राम वासियों को एक सुंदर नगर वन उद्यान ही नही बल्कि एक नयी उमंग और खुशियां प्रदान करेगा. यह नगर वन उद्यान दुंदिगल, गागिल्लापुर, किस्टाइपल्ली, गुंडलपोचम्पली और अन्य समीपस्थ स्थानों के लिए शुद्ध ऑक्सीजन और खुले आसमान के नीचे विचरण करने का स्वर्णिम अवसर प्रदान करेगा. इस वन क्षेत्र की महिमा इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि यहां कई तरह की औषधियों के पेड़ पौधे पाये जाते हैं. यह पहल राज्य में चल रहे वृक्षारोपण कार्यक्रम ‘हरित हारम’ को एक नया आयाम प्रदान करेगा.

राज्य सभा सांसद सन्तोष कुमार ने भी जंगलों के पुनर्वास के लिए कीसरा वन क्षेत्र को अपनाया है और उसके विकास के लिए हर संभव प्रयास किया है. उन्होंने अवगत कराया कि इस तरह के प्रयास निरन्तर जारी रहेंगे और प्रमुख उद्योगपतियों को भी इस तरह के प्रयासों से जोड़ने के लिए आव्हानित किया जाएगा.

इस कार्यक्रम में वन और पर्यावरण मंत्री इंद्रकरन रेड्डी, विशेष प्रधान सचिव शांति कुमारी, अति मुख्य वन संरक्षक सोभा रेवुरी, अति मुख्य वन संरक्षक राकेश मोहन डोबरियाल, संगारेडी जिला कलेक्टर एम हमुमन्थ राव, पुलिस अधीक्षक चन्द्र शेखर रेड्डी, जिला वन अधिकारी वेंकेश्वर राव, वन और राजस्व भिभाग के अधिकारी शामिल हुए हैं.

इनपुट- एजेंसी