अक्सर प्याज काटते हुए लोगों के आंखों से आंसू आने लगते हैं. यही कारण है कि कई लोग इसे करना नहीं चाहते. यह सिर्फ आम लोगों की समस्या नहीं है. आपके चहते एक्ट्रेस को भी इन समस्याओं से दो-चार होना पड़ता है. तभी तो अभिनेत्री दिव्या दत्ता कर रही हैं कि उन्हें प्याज काटने की कला में महारत हासिल हो गया है. इतना ही नहीं उन्हें इस पर गर्व भी है. हो भी क्यों नहीं प्याज काटना इतना आसान तो है नहीं.

दिव्या ने शनिवार को ट्वीट किया, आखिरकार, मेरी बहनों के घर, प्याज काटने की कला में महारत हासिल की! वे अब भी हंस रही हैं, लेकिन अब मेरे पास नया कौशल है. दिव्या नंदिता दास द्वारा निर्देशित फिल्म ‘मंटो’ में जल्द दिखाई देंगी. यह उर्दू लेखक सआदत हासन मंटो पर आधारित बायोपिक है. इसे वर्ष 2018 के कान्स फिल्मोत्सव के लिए भी चुना गया था.

हाल ही में अभिनेत्री दिव्या दत्ता ने कहा था कि वह दिग्गज फिल्मकार एवं गीतकार गुलजार के निर्देशन में काम करना चाहती हैं. उन्होंने कहा, ऐसे कई किरदार हैं, जिन्हें मैं निभाना चाहती हूं. मैंने गुलजार साहब द्वारा निर्देशित सभी फिल्में देखी हैं और यह मेरी इच्छा है कि जब भी वह कोई फिल्म निर्देशित करें, मैं उसका हिस्सा बनूं क्योंकि मैं उनकी फिल्म निर्माण की शैली को सच में बहुत पसंद करती हूं.

अभिनेत्री ने कहा, मैं वास्तव में उनकी फिल्मों ‘मौसम’ (1975) और ‘आंधी’ (1975) को पसंद करती हूं, तो मैं उन फिल्मों को करना पसंद करूंगी और उनके (गुलजार के) अलावा, ऐसे कई निर्देशक हैं, जिनके साथ मैंने अभी तक काम नहीं किया है..पसंदीदा निर्देशकों की आधी सूची अभी बाकी है.

कुछ दिन पहले एक कार्यक्रम में दिव्या ने कहा था कि बच्चों को उनका बचपना लौटाने की जरूरत है. वे अगर फिल्मों और कार्यक्रमों की शूटिग के दौरान सेट पर हैं, हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनकी शिक्षा, नींद और पुनर्निर्माण से कोई समझौता न हो. इसके लिए हम सबकों कदम उठाने होंगे. उन्होंने कहा, उनसे उनका बचपना न छीनें. एक सुंदर संतुलन ही मंत्र है. उन्होंने सेट पर बच्चों पर नजर रखने के लिए वहां परामर्शदाताओं को रखने की सलाह दी. इस दौरान रिएलिटी शो के दौरान बाल कलाकारों के मानसिक स्वास्थ्य का भी मुद्दा उठाया गया.