नई दिल्ली: बॉलीवुड के मिस्टर परफेक्शनिस्ट कहे जाने वाले आमिर खान का आज 55 वां जन्मदिन है. उनका जन्म 14 मार्च 1965 में मुंबई में हुआ था. आमिर फिल्म इंडस्ट्री के कुछ ऐसे कलाकारों में से एक हैं जो हर बार एक नए कॉनसेप्ट पर फिल्में लेकर आते हैं. मात्र 11 साल की उम्र से फिल्मों में काम कर रहे आमिर की फिल्मों में एक गहरा सार छिपा होता है जो व्यक्ति को सोचने पर मजबूर कर सकता है. आमिर ने बाल कलाकार के रूप में अपने चाचा नासिर हुसैन की फिल्म यादों की बारात (1973), होली (1984) में काम किया था. आमिर ने अपने करियर की शुरूआत फिल्म ‘कयामत से कयामत तक’ (1988) से की थी. उनकी यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट रही थी. Also Read - सरफरोश, थ्री इडियट्स से लेकर दंगल तक, ये हैं आमिर खान की 10 वो फ़िल्में जिन्होंने सोचने को किया मजबूर

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क़यामत से क़यामत तक बॉक्स ऑफिस पर काफी सफल रही और इसने आमिर ख़ान के करियर को एक लीडिंग अभिनेता के तौर पर आगे बढाया. एक टिपिकल ‘चॉकलेट एक्टर’ के रूप में उन्हें यंगस्टर्स का आदर्श माना जाने लगा. उसके बाद वे ’80 और ’90 की शुरुआत में कई फ़िल्मों में दिखे जैसे-  दिल (1990), जो साल का सबसे बड़ा व्यवसायिक हिट रही. दिल है की मानता नहीं (1991), जो जीता वही सिकंदर (1992), हम हैं राही प्यार के (1993) (जिसके लिए उन्होंने पटकथा भी लिखा) और रंगीला (1995).इनमे से अधिकतर फ़िल्में आलोचनात्मक व व्यवसायिक दृष्टि से सफल रहीं. अपने 30 साल के फिल्मी करियर में आमिर ने एक से बढ़कर एक फिल्में की हैं. इनमें लगान, मंगल पांडे, गजनी, 3 इडियट्स, अंजाद अपना-अपना, रंग दे बसंती, दिल चाहता है, पीके जैसी कुछ सुपरहिट फिल्में शामिल हैं. Also Read - अपकमिंग फिल्म लाल सिंह चड्ढा' से आमिर खान का एक और नया लुक आया सामने, अलग अवतार में आ रहे हैं नजर

 

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One of my favourite scenes… (Link in bio)

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कई सफल फिल्में करने के बाद आमिर खान के जीवन में एक समय ऐसा भी आया जब उनकी फिल्मों का जादू लोगों पर कम पड़ने लगा. 1997 में उन्होंने अजय देवगन और जूही चावला के विपरीत फ़िल्म इश्क में काम किया, जो आलोचकों के लिए ख़राब परन्तु बॉक्स ऑफिस पर हिट रही. इसके बाद आमिर फिल्म ‘गुलाम’ में नजर आए. जॉन मेथ्यु मथान की सरफ़रोश (1999) ख़ान की 1999 के दौरान पहला रिलीज था थोडी सफल और बॉक्स ऑफिस पर औसत रही, जबकि फ़िल्म को आलोचकों ने सराहा. उन्होंने दीपा मेहता की कलात्मक फ़िल्म अर्थ में काम किया. 1999 के दौरान पहली रिलीज थी जो थोड़ी सफल और बॉक्स ऑफिस पर औसत रही, जबकि फ़िल्म को आलोचकों ने सराहा. नए शताब्दी में उनकी पहली रिलीज,मेला थी जिसमे उन्होंने वास्तविक जीवन के भाई फैसल ख़ान, के साथ काम किया, यह एक बॉक्स-ऑफिस और आलोचकों की नज़र में हिटबोम्ब (bomb) साबित हुई.