मुंबई: अयोध्या विवाद पर उच्चतम न्यायालय के फैसले के एक दिन बाद प्रसिद्ध पटकथा लेखक और गीतकार जावेद अख्तर ने रविवार को कहा कि न्यायालय की ओर से मुस्लिम समुदाय को दी गई पांच एकड़ जमीन पर मस्जिद बनाने के बजाए अस्पताल का निर्माण किया जाना चाहिए. बॉलीवुड में अपने लेखन से मशहूर जावेद अख्तर सियासत में हमेशा से काफी रुचि रखते हुए नजर आते है. राजनीतिक मुद्दों पर अपने बेबाक अंदाजों से बात करने वाले जावेद अख्तर ने अयोध्या फैसले पर ट्वीट करते हुए लिखा, “यह बहुत अच्छा होगा अगर जिन्हें पांच एकड़ जमीन मिलने वाली है, वे लोग सभी समुदायों की सहायता और सहयोग से वहां एक बड़ा परमार्थ अस्पताल बनाने का फैसला लें.’’

उच्चतम न्यायालय ने शनिवार को सर्वसम्मति से फैसला सुनाते हुए अयोध्या के विवादित स्थान पर राम मंदिर का रास्ता साफ कर दिया. साथ ही केंद्र सरकार को मस्जिद बनाने के लिए सुन्नी वक्फ बोर्ड को पांच एकड़ जमीन आवंटित करने का निर्देश दिया.

वहीं, कालजयी ‘शोले’ और ‘दीवार’ जैसी फिल्मों की पटकथा लिखने वाली समील-जावेद की जोड़ी में 83 वर्षीय सलीम खान ने कहा कि यह अच्छा हुआ कि मामला अंतत: खत्म हो गया. सलीम खान ने कहा, ‘‘फिल्म की तरह इसका भी पटाक्षेप हो गया. यह कोई मायने नहीं रखता अगर आप इसकी आलोचना करते हैं, या अच्छा बताते हैं या जो कुछ भी कहते हैं, अब यह खत्म हो चुका. यह कई वर्षों से चल रहा था और जटिल बनता जा रहा था. उच्चतम न्यायालय ने समय लिया और फैसला दिया. अब इस पर चर्चा नहीं होनी चाहिए.’’

अयोध्या फैसला: सलीम खान ने कहा- ‘5 एकड़ जमीन में बनना चाहिए स्कूल, नमाज़ तो कहीं भी बैठकर पढ़ सकते हैं’

खान ने कहा, ‘‘हमें नमाज अदा करनी होती है लेकिन यह कहीं भी की जा सकती है. यात्रा के दौरान रेलगाड़ी और विमान में नमाज पढ़ी जा सकती है. महत्वपूर्ण यह है कि जगह साफ हो. हमें इसके लिए मस्जिद की जरूरत नहीं है. आज प्राथमिकता स्कूल, कॉलेज, अस्पताल है और हमें उस पर गौर करना चाहिए.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें उस पांच एकड़ जमीन पर स्कूल, अस्पताल और कॉलेज का निर्माण करना चाहिए. हमारे बड़े नेता शिक्षण संस्थाओं से आएंगे. यहां तक की पवित्र कुरान के पहले अध्याय में शिक्षा के महत्व को रेखांकित किया गया है.’’