नई दिल्ली: पूरा देश इस वक़्त कोरोना संकट का सामना कर रहा है. इस महामारी पर अंकुश लगाने के लिए देशभर में लॉकडाउन लागू कर दिया गया है. ऐसे में उद्योग जगत से लेकर फिल्म जगत पर इसका खासा असर पड़ा है. दिग्गज फिल्मकार सुभाष घई को लगता है कि देश में लागू लॉकडाउन भारतीय फिल्म उद्योग के लिए एक बड़ा झटका है. उन्होंने कहा, “किसी भी अन्य उद्योग की तरह बॉलीवुड को भी फिल्मों का निर्माण करने में चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा.” Also Read - TV दर्शकों के लिए बड़ी खुशखबरी, इन फेमस सीरियलों की शूटिंग दोबारा चालू, देखें सीधे सेट से खास Photos

उन्होंने आगे कहा, “अन्य उद्योगों की तरह, फिल्म उद्योग को भी बड़े और छोटे पर्दे के लिए फिल्मों के निर्माण में नए बदलावों के साथ चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा. लॉकडाउन के बाद भी स्थिति वेट एंड वाच वाली होगी. यह हमारे लिए एक बड़ा झटका है, लेकिन हम मिलकर इसका मुकाबला करेंगे. हम सिनेमाघरों के फिर से खुलने का इंतजार कर रहे हैं, हम फिल्मों को फिर से रिलीज करेंगे.” हालांकि, ‘कर्ज’ के निर्देशक का मानना है कि वैश्विक महामारी से लड़ने के इस समय के बाद दुनिया पहले के मुकाबले बेहतर बन जाएगी. Also Read - एक्ट्रेस अमृता राव ने दिखाई दरियादिली, किराएदारों का किया इतने महीनों का किराया माफ़

‘शोमैन ऑफ इंडिया’ ने कहा, “मेरा भरोसा करें, यह बेहतर ज्ञान, अनुशासन, क्रिएटिव, सामाजिक राजनीतिक और आर्थिक प्लेटफार्मो में साल 2024 तक नयापन लेकर आएगा, इसके साथ एक बेहतर दुनिया होगी. इस दौरान होने वाला परिवर्तन नए विवाद लेकर आएगा, दुनिया में अराजकता संघर्ष और भ्रम पैदा कर सकता है, लेकिन आखिरकार यह बेहतर दुनिया के लिए व्यवस्थित होगा. यह ‘युग परिवर्तन’ काल होगा.”

मीडिया एंड एंटरटेनमेंट स्किल काउंसिल (एमईएससी) के अध्यक्ष घई एमईएसी की एक पहल विद्यावान पर एक वेबिनार की मेजबानी कर रहे हैं, जिसका उद्देश्य अनौपचारिक व्यावसायिक शिक्षा और कौशल विकास प्रदान करना है.