जयपुर: भरतपुर के पुलिस अधीक्षक हैदर अली जैदी बॉलीवुड अभिनेता इरफान खान (Irrfan Khan) के दोस्त हैं, जिनकी बुधवार को हुई मौत ने सबको स्तब्ध कर दिया. जैदी स्कूल व कॉलेज में इरफान के साथ पढ़ाई किए हुए हैं और वह कभी उनके पड़ोसी भी हुआ करते थे. जैदी ने बीती बातों को याद करते हुए बताया, “मैंने उन्हें उनके मुश्किल दिनों में संघर्ष करते हुए देखा है – वह मुंबई की लोकल ट्रेनों में भूखे पेट सफर किया करते थे और कई बार तो खाना खाए बिना ही सो जाते थे.” Also Read - इरफान खान के बेटे बाबिल ने आधा चेहरा ढक कर खिंचावाईं फोटो, बोले- दिमाग केवल...

इरफान की मां का निधन भी बीते शनिवार को ही हुआ. उनके बारे में बात करते हुए जैदी कहते हैं, “वह चाहती थीं कि इरफान फिल्म इंडस्ट्री छोड़कर एक सहज जिंदगी के लिए जयपुर में स्कूल टीचर बन जाए और अपने पुश्तैनी मकान में रहकर अपनी आगे की जिंदगी बिताए.” Also Read - Irrfan Khan Death Anniversary: 'पठान के घर पैदा हुआ ब्राह्मण' घर वालों ने ही लगा दिया था ये टैग, गर्लफ्रेंड की फैमिली थी शादी के खिलाफ

जैदी आगे कहते हैं, “जिंदगी में तमाम बुलंदियों को हासिल करने के बावजूद इरफान जमीन से जुड़े हुए इंसान थे..हमारी अकसर एक-दूसरे से बातें होती थीं.” जैदी ने आगे यह भी कहा कि खान ने उर्दू में स्नातकोत्तर की डिग्री ली थी, जबकि जैदी ने अर्थशास्त्र में अपना एमए किया है. Also Read - दिवंगत एक्टर इरफान खान से हुई इस एक्टर की तुलना, 'मगर उन्हें कोई भी कभी भी रिप्लेस नहीं कर सकता'

जैदी ने कहा कि इरफान स्वभाव से काफी मददगार थे. पुलिस अधिकारी ने उस एक किस्से को भी याद किया, जब स्कूल से लौटते वक्त उन्होंने गलती से बिजली के एक जिंदा तार को छू लिया था, तब उन्हें धक्का देकर इरफान ने किस तरह से उनकी जिंदगी बचाई थी.

आंखों से आंसुओं को किसी तरह से रोकते हुए जैदी ने आगे कहा, “ऐसा लग रहा है कि जैसे वह आज भी मुझे कॉल करेंगे और हम फिर से पुरानी बातों की चर्चा करेंगे.” जैदी आखिर में कहते हैं, “मैं उनके आखिरी सफर तक में भी शामिल नहीं हो सका.”