मुंबई: पिछले पांच दशकों से अधिक समय से बॉलीवुड में सक्रिय लेखक-गीतकार जावेद अख्तर का दावा है कि उनके परिवार के खून में ही लेखन की महान परंपरा रची-बसी हुई है। परिवार में उनके बच्चे फरहान और जोया अख्तर लेखकों की आठवीं पीढ़ी हैं। जावेद ने यहां देबाशीष इरेंगबम की किताब ‘मी, मिया, मल्टीपल’ के विमोचन मौके पर कहा, “मैं अपने परिवार में सातवीं पीढ़ी का लेखक हूं, जबकि फरहान और जोया लेखकों की आठवीं पीढ़ी हैं। फरहान की बेटी ने भी लिखना शुरू कर दिया है, जिससे वह परिवार में लेखकों की नौवीं पीढ़ी हो गई हैं।” यह भी पढ़े:पिता की जिंदगी पर वृत्तचित्र बनाना चाहती हैं पूजा भट्ट

उन्होंने कहा, “मैं खुशकिस्मत रहा हूं कि मेरा जन्म एक ऐसे परिवार में हुआ, जहां मेरे माता-पिता दोनों ही लेखक थे। यहां तक कि मेरे अंकल, मेरे परदादा और उनके पिता भी लेखक थे।” जावेद ने कहा, “मेरा जन्म एक ऐसे माहौल में हुआ, जहां मेरे इर्दगिर्द किताबों और साहित्य पर बात हुआ करती थी।”