मुंबई: अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस ने कहा है कि “यौन उत्पीड़न फिल्म जगत से जुड़ा एक विशेष मुद्दा नहीं है क्योंकि “यौन उत्पीड़क” हर जगह है.” जैकलीन ने कहा है कि यौन उत्पीड़न करने वाले “कभी-कभी हमारे अपने घर” में भी होते हैं. Also Read - मुकेश खन्ना ने महिलाओं पर दिया विवादित बयान, लोगों का 'शक्तिमान' पर फूटा गुस्सा- SEE VIDEO 

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फिल्म जगत में चल रहे मीटू अभियान के बारे में पूछे जाने पर जैकलीन ने कहा कि इस समय जो हो रहा है, उस पर बाचतीत के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए. जैकलीन ने कहा, ‘‘यह बहुत महत्वपूर्ण है कि हमें याद है कि लैंगिक चर्चा एक ऐसा संवाद है जो लंबे समय से लंबित है. इसे हमे फिल्म उद्योग तक सीमित नहीं रखना चाहिए. यह एक ऐसा संवाद है जिस पर लंबे समय से हमारे समाज में भी चर्चा नहीं हुई है.’’ Also Read - अनुराग कश्यप के वकील ने कहा- पायल घोष के यौन शोषण के झूठे आरोप से बहुत दुखी हैं फिल्ममेकर

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उन्होंने कहा, ‘‘दुर्भाग्यवश, दुखद सचाई है कि यौन उत्पीड़क हमारे चारों तरफ हैं. कभी-कभी वे हमारे अपने घर में भी मिल जाते हैं.’’ अभिनेत्री ने कहा कि पूरा मुद्दा सेक्स के बारे में नहीं है बल्कि यह शक्ति संघर्ष के बारे में है. यौन उत्पीड़क खुद को ताकतवर समझ अपनी इच्छा दूसरे पर थोपता है.

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बता दें कि करीब 15 दिन पहले अभिनेत्री तनुश्री दत्ता द्वारा नाना पाटेकर पर सालों पहले एक फिल्म के दौरान यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने के बाद पूरे देश में मीटू अभियान जोर पकड़ चुका है. अलग-अलग पेशों से जुड़ी महिलाएं वर्कप्लेस पर अपने साथ हुए यौन दुर्व्यवहार के किस्से बयां कर रही हैं. ऐसे ही आरोपों के चलते केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री एम जे अकबर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा.