नई दिल्ली: बॉलीवुड एक्टर सुशांत सिंह राजपूत के निधन ने हर किसी को अंदर से तोड़ दिया है. इस हादसे के बाद से हिंदी सिनेमा जगत कई सवालों के घेरे में है. पुलिस इस मामले में लगातार पूछताछ कर रही है. कई फ़िल्मी हस्तियों से सवाल जवाब करने के बाद अब मुंबई पुलिस मशहूर फिल्म समीक्षक राजीव मसंद (Rajeev Masand) से पूछताछ कर उनका बयान दर्ज कर सकती है. Also Read - किसी ने गाड़ी से चुरा लिया 'नागिन' का हैंडबैग, निया शर्मा पुलिस से बोलीं...

सुशांत सुसाइड केस में अब तक कुछ बयान ऐसे दर्ज हुए हैं जो इस मामले को एक नया मोड़ देने की सलाहियत रखते हैं. राजीव मसंद का बयान भी इस पूरे मामले में ज़रूरी समझा जा रहा है क्योंकि मसंद का कनेक्शन लगभग हर छोटे-बड़े कलाकार के साथ हैं. पुलिस द्वारा अब तक की जांच में यह पता चला था कि सुशांत अपने बारे में छपने वाली निगेटिव और फेक न्यूज के चलते अक्सर चिंतित रहते थे. उन्हें लगता था कि कोई ज़बरदस्ती उन्हें बदनाम करने की कोशिश कर रहा है. Also Read - रिया चक्रवर्ती की शिकायत पर सुशांत की बहनों पर FIR, सीबीआई ने मुंबई पुलिस को फटकारा

मसंद का बयान ज़रूरी इसलिए भी होगा क्योंकि अब तक के जांच में यह पता चला है कि इस फिल्म क्रिटिक ने बिना नाम लिए सुशांत के बारे में तीन ब्लाइंड आइटम्स लिखे थे जिसमें उन्हें नेगेटिव पोट्रे किया गया था.  फिल्मी दुनिया में ब्लाइंड आइटम्स उन आर्टिकल्स को कहा जाता है जहां किसी का नाम लिए बिना किसी शख्स या प्रोजेक्ट की पूरी जानकारी देते हुए अनकंफर्म्ड गॉसिप लिखी जाती है. Also Read - Online Class के दौरान टीचर के सवालों का जवाब नहीं दे सकी बेटी तो झल्लाई मां- घोंप दी पेंसिल और...

बता दें की ‘Consumed by insecurity’, ‘The price of being overpriced’ और ‘On the Back Burner’ नाम की ये तीन ब्लाइंड  आइटम्स के चलते राजीव मसंद पर नज़रें टिकी हैं. यही नहीं, मसंद पर यह भी आरोप है कि उन्होंने सुशांत की रेप्यूटेशन खराब की तो, कभी उन्हें ओवर प्राइज्ड आउटसाइडर कहकर बदनाम किया. इन्हीं वजहों से सुशांत अक्सर डिप्रेस भी रहा करते थे. गौरतलब है कि डिप्रेशन से ही इस बाकमाल एक्टर ने खुद की जान ले ली.