अभिनेता सोनू सूद (Sonu Sood) कोरोना महामारी (Coronavirus Pandemic) के कारण लगे लॉकडाउन (Lockdown) के दौरान किए गए अपने कार्यों के लिए काफी सुर्खियों में रहे हैं. उन्होंने लॉकडाउन के शुरुआती दौर में प्रवासी श्रमिकों (Migrant Workers) को अपने मूल स्थान तक पहुंचाने के लिए परिवहन की सुविधा उपलब्ध कराई थी और तब से उनके परोपकारी कार्य किसी न किसी रूप में चलते रहते हैं. हालांकि अभिनेता ने स्पष्ट कर दिया है कि उनकी राजनीति में प्रवेश करने की कोई योजना नहीं है. Also Read - दिल्ली में बहाल होगी इंटरस्टेट बस सेवा, डीटीसी और क्लस्टर बसों में 20 सवारियों की लिमिट खत्म

उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा, ‘एक अभिनेता के रूप में मेरे हाथ भरे हुए हैं. इसके अलावा मैं बहुत से चैरिटी का काम कर रहा हूं, जिसमें बहुत ध्यान और समय लगता है. इसलिए, अभी राजनीति की जगह कहीं नहीं है. बेशक, मुझे इसकी जानकारी नहीं है कि आज से 10 साल बाद नियति ने मेरे लिए क्या लिखा है.’ Also Read - Alert: AIIMS निदेशक की चेतावनी- हमें सावधान रहने की जरूरत, कोरोना के तीसरे लहर की हो चुकी है शुरुआत?

अभिनेता के मन में प्रवासियों के लिए परिवहन की व्यवस्था करने का विचार तब आया, जब वह लॉकडाउन के दौरान कुछ दिनों तक प्रवासियों को भोजन के पैकेट वितरित कर रहे थे. भोजन बांटने के दौरान वह बच्चों वाले एक परिवार से मिले, जो 10 दिनों के लिए भोजन चाहते थे, क्योंकि वे सभी मूल निवास स्थान बेंगलुरु के लिए निकले हुए थे, तब सूद ने उन्हें बताया कि वह परिवहन के लिए अनुमति प्राप्त करने की कोशिश करेंगे, ताकि उन्हें चल कर इतनी दूर न जाना पड़े. Also Read - Video: ईद ए मिलादुन्नबी के जुलूस में उड़ीं कोरोना गाइड लाइंस की धज्जियां, 10 की जगह पहुंचे सैकड़ों लोग

हर दिन सैकड़ो लोगों को अपने घरों तक वापस भेजने की व्यवस्था करने में कामयाब रहे सोनू ने कहा, ‘मैं उस समय 350 लोगों को भेजने का प्रबंधन कर सकता था. वह ट्रिगर पॉइंट था. मुझे एहसास हुआ कि मैं और अधिक लोगों को वापस भेज सकता हूं, जो परिवहन के अभाव में पैदल चलने की योजना बना रहे थे. उसके बाद मैंने पीछे मुड़कर नहीं देखा.’

हालांकि जब वह इन महीनों में सामाजिक कार्यों में व्यस्त रहे हैं, स्क्रिप्ट्स उनकी टेबल पर जमा होती गई और दिलचस्प बात यह है कि अब उन्हें जो भूमिकाएं दी जा रही हैं, वे उनकी उम्मीदों से अधिक हैं. उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, ‘हां, जिस तरह से लोग मुझे देखना और चित्रित करना चाहते हैं, उसे लेकर पूरी धारणा बदल गई है. मैं बदलाव देख सकता हूं और अब सही स्क्रिप्ट चुनने की आवश्यकता हैं और कुछ जादुई होने वाला है.’

हालांकि जब बात फिल्मों की आती है तो अभिनेता जल्दबाजी में नजर नहीं आते हैं. उन्होंने अपने निर्माताओं से कहा है कि वे उन्हें कुछ और समय दें, ताकि वह चैरिटी के काम पर ध्यान केंद्रित कर सकें. उन्होंने कहा, ‘मेरा यकीन करें, जब मैं यह कहता हूं तो लोगों की मदद करने के लिए जिस तरह की असाधारण संतुष्टि मिलती है, वह उस व्यक्ति की तुलना में बहुत बड़ी होती है, जो 100 करोड़ की फिल्म का हिस्सा बन सकता है.’

वर्तमान में वह दक्षिण की दो फिल्मों की शूटिंग कर रहे हैं और यशराज के साथ ‘पृथ्वीराज’ के साथ अगले सप्ताह शूटिंग शुरू करेंगे. सूद अब अधिक सशक्त भूमिकाएं तलाश रहे हैं. ओटीटी प्लेटफार्मों पर जिस तरह के कंटेंट देखने को मिल रहे हैं, सूद उससे उत्साहित हैं और वह भी डिजिटल क्रांति का हिस्सा बनने के लिए सही कहानी और भूमिका का इंतजार कर रहे हैं.

(इनपुट: IANS)