Priyanka Chopra Jonas says ‘facing racist bullying’ while studying in an American high school- सांवला रंग आज भी कई लोगों द्वारा पसंद नहीं किया जाता है. बात फिर हमारे देश की हो या फिर विदेश की. हर महिला या पुरुष खुद को गोरा दिखाने के लिए कई प्रयास करते हैं. यही वजह की सौंदर्य प्रसाधन को इतना महत्व दिया जाता है. हाल ही में ग्लोबल आइकन बन चुकी प्रियंका चोपड़ा ने इस बारे में अपना अनुभव शेयर किया है.
प्रियंका ने बताया वो American high school में पढ़ाई करते वक्त बुली का शिकार हुईं थीं. उस वक्त उनका कॉन्फिडेंस टूट गया था. जो बच्चे उन्हें बुली कर रहे थे वे खुद भी नहीं जानते थे कि ऐसा क्यों कर रहे हैं. उन्हें लगता था कि वे किसी भी और बच्चे से ज्यादा पावरफुल हैं. और जब आप किसी को पकड़ते हैं तो ये आपकी इनसिक्योरिटी को दर्शाता है. बुली किसी को भी किया जा सकता है फिर वो चाहे बच्चा हो या बड़ा. प्रियंका ने कहा कि उस वक्त मेरी हर चीज को चोट पहुंचाई है जो मैं करना चाहती थी. मुझे लगा था कि मैं एक्सपोज हो रही हूं, क्योंकि मेरी स्किन रॉ (कच्ची) है.”

Priyanka Chopra childhood Experience
प्रियंका ने कहा कि इस बुरे अनुभव ने उन्हें इस तरह झकझोर दिया था कि एक बच्ची ने अपना सांवलापन छिपाने के लिए चेहरे पर पाउडर लगाना शुरू कर दिया था. क्योंकि वो समझ गई थी कि डार्क स्किन होना अपराध है. प्रियंका ने बताया कि 13 साल की उम्र में वो फेयरनेस क्रीम यूज करना चाहती थीं क्योंकि उनका रंग डार्क था.
ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें Entertainment Hindi की और अन्य ताजा-तरीन खबरें
By clicking “Accept All Cookies”, you agree to the storing of cookies on your device to enhance site navigation, analyze site usage, and assist in our marketing efforts Cookies Policy.