आइफा 2017 कई वजह से चर्चा में रहा लेकिन जिस बात की चर्चा सबसे ज्यादा हुई वो थी सैफ अली खान, वरुण धवन और करण जौहर का एक साथ मिलकर कंगना रनौत का मज़ाक उड़ाना. नेपोटिज्म पर तीनो ने मिलकर कंगना का खूब मज़ाक उड़ाया. जहां आइफा की महफ़िल में बैठे लोगों ने इस मज़ाक पर खूब ठहाके लगाए वहीं दूसरी तरफ इन तीनो सेलेब्स की खूब आलोचना हुई. मामले को बढ़ता हुआ देख पहले वरुण धवन ने सोशल मीडिया पर इस मज़ाक के लिए माफ़ी मांगी और अब सैफ अली खान ने भी अपनी बात रखी है.

India.com से ख़ास बातचित करते हुआ सैफ अली खान ने कहा “मुझे कंगना (रनौत) बहुत पसंद है. मैं उनकी उपलब्धियों के लिए उनकी बहुत इज्ज़त करता हूं. ये सारी चीज़े गंभीरता से लेने के लिए नहीं की गयी थी और ये जोक हमारे खिलाफ था ना ही किसी और के. किसी को चोट पहुंचाने का कोई इरादा नहीं था”.

बता दें, नेपोटिज्म का मामला तब शुरू हुआ जब कंगना रनौत, करण जौहर के चैट शो ‘कॉफ़ी विद करण’ में पहुंची थी. कंगना ने करण पर उनके ही शो में ये इलज़ाम लगाया कि वो नेपोटिज्म यानी परिवारवाद को बढ़ावा देते हैं. आईफा अवार्ड्स के दौरान होस्ट करण और सैफ ने इस विवादित मुद्दे को उछालने में कोई कसर नहीं छोड़ी. स्टेज पर जब वरुण धवन फिल्म ‘ढिशूम’ के लिए बेस्ट कॉमिक एक्टर का अवार्ड लेने पहुंचे तो सैफ ने मजाक में कहा कि वरुण फिल्म इंडस्ट्री में आज इस मुकाम पर अपने पिता (डेविड धवन) की वजह से हैं. सैफ ने चुटकी लेते हुए कहा, “तुम यहां अपने पापा की वजह से हो.”

ये सुनकर वरुण भी कहां चुप रहने वालों में से थे. उन्होंने भी कह दिया, “और आप यहां अपनी मम्मी (शर्मिला टैगोर) की वजह से हैं.” इस पर करण ने तुरंत कहा, “मैं यहां अपने पापा (यश जौहर) की वजह से हूं”. इसके बाद तीनो एक साथ जोर से चिल्लाने लगे ‘नेपोटिज्म रॉक्स’.

वरुण ने फिर करण पर मजाक में निशाना साधने में कोई कसर नहीं छोड़ी और कहा, “आपकी फिल्म में एक गाना है, “बोले चूड़ियां, बोले कंगना”. जिस पर चुटकी लेते हुए करण ने कहा, “कंगना ना ही बोले तो अच्छा है…कंगना बहुत बोलती हैं.”