शमशेर राज कपूर उर्फ शम्मी कपूर का जन्म 21 अक्टूबर 1931 को हुआ था. इस मौके पर जानते हैं उनकी जिंदगी से जुड़ी कुछ खास बातें-

गुजरे जमाने की मशहूर अदाकारा मुमताज बॉलीवुड की बेहतरीन अभिनेत्रियों में से एक हैं. उन्होंने साठ से सत्तर के दशक में अपने खूबसूरत अंदाज से दर्शकों को अपना दीवाना बनाया, उस दौर में बच्चों-बच्चों की जुबां पर उनका नाम था. महज 12 वर्ष की उम्र में उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में कदम रखा. अपनी छोटी बहन मलिका के साथ वह रोजाना स्टूडियो-दर-स्टूडियो भटकती और जैसा चाहे वैसा छोटा-मोटा रोल मांगती थी.

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मुमताज की मां नाज और चाची नीलोफर पहले से फिल्मों में मौजूद थीं. लेकिन दोनों जूनियर आर्टिस्ट होने के नाते अपनी बेटियों की सिफारिश करने योग्य नहीं थीं.मुमताज ने जूनियर आर्टिस्ट से स्टार बनने का सपना अपने मन में संजोया था, जिसे उन्होंने सच कर दिखाया. सत्तर के दशक में उन्होंने स्टार की हैसियत प्राप्त कर ली. उस दौर के नामी सितारे जो कभी मुमताज का नाम सुनकर नाक-भौं सिकोड़ते थे, वे उनके साथ काम करने को लालायित रहने लगे थे. ऐसे सितारों में शम्मी कपूर, देवानंद, संजीव कुमार, जीतेंद्र और शशि कपूर आदि शामिल हैं.

969 से 74 तक इन दो कलाकारों ने ‘सच्चा झूठ’, ‘अपना देश’, ‘दुश्मन’, ‘बंधन और रोटी’ जैसी शानदार फिल्में दीं. यह ऐसा समय था, जब प्रत्येक अभिनेता मुमताज के साथ काम करना चाहता था. हद तो तब हुई जब शशि कपूर ने फिल्म ‘चोर मचाए शोर’ (1974) के स्टारकास्ट में मुमताज का नाम न देखकर फिल्म ही छोड़ दी. मुमताज को नायिका बनाए जाने पर ही शशि ने इस फिल्म में काम करना स्वीकार किया.

खबरों की मानें तो मुमताज से शम्मी कपूर और जीतेंद्र बेइंतहा प्यार करते थे. यहां तक कि वह शादी भी करना चाहते थे. एक इंटरव्यू के दौरान मुमताज ने इस बात का जिक्र भी किया था. मुमताज ने कहा था – ‘मैं अपने आप को खुशनसीब समझती हूं यह लोग मुझसे शादी करना चाहते थे. मुझे आकर्षण जरूर था उससे ज्यादा कुछ नहीं.’

मुमताज जब 18 साल की थीं, तभी शम्मी कपूर ने उन्हें शादी के लिए प्रपोज कर दिया था. उस समय मुमताज भी शम्मी से प्यार करती थीं. शम्मी चाहते थे कि मुमताज अपना फिल्मी करियर छोड़कर उनसे शादी कर लें. लेकिन मुमताज के इनकार के बाद शम्मी के साथ उनका अफेयर खत्म हो गया. शादी के बाद भी उनकी तीन फिल्में रिलीज हुईं, जिनकी शूटिंग उन्होंने शादी से पहले ही पूरी कर ली थी. वहीं फिल्मों के ऑफर उन्हें शादी के बाद भी मिलते रहे.

उसके बाद साल 1955 में उन्होंने गीता बाली से शादी कर ली. गीता भी एक एक्ट्रेस थीं और दोनों की मुलाकात फिल्म ‘कॉफी हाउस’ के सेट पर हुई थी. इसी दौरान दोनों एक दूसरे के करीब आए. शम्मी ने कई दफा गीता से पूछा क्या तुम मुझसे प्यार करती हो. इसपर गीता हर बार ना कहती लेकिन एक बार हां कह दिया. इसके बाद गीता ने कहा चलो शादी करते हैं अभी. यह सुनकर शम्मी को समझ नहीं आया कि क्या करें. गीता ने कहा जैसे जॉनी वॉकर ने की थी. इसके बाद वह जॉनी के पास गए और बोले हमे प्यार हो गया है और शादी करना चाहते हैं. ये सुनने के बाद जॉनी बोले ‘मैं मुसलमान हूं मस्जिद जाकर शादी की थी और तुम दोनों मंदिर जाओ और शादी कर लो.’ उसके बाद दोनों मंदिर गए और शादी कर ली. उस वक्त शम्मी के पास गीता की मांग भरने के लिए सिंदूर तक नहीं था. ऐसे में गीता ने अपने बैग में से लिपस्टिक निकालकर दी फिर शम्मी ने उनकी मांग भरी.

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