श्रेयस तलपड़े ने बॉलीवुड में अपने करियर की शुरुआत ‘इकबाल’ और ‘डोर’ जैसी फिल्मों में गंभीर भूमिकाएं निभाकर की थी, लेकिन उनकी कॉमेडी वाली भूमिकाओं ने उन्हें आम दर्शकों में लोकप्रिय बनाया. अभिनेता का कहना है कि वह अब अलग-अलग तरह की भूमिकाएं करना चाहते हैं, क्योंकि वह कॉमेडी से कहीं ज्यादा कुछ कर सकते हैं. श्रेयस ने एक इंटरव्यू में किसी एक तरह की भूमिका के साथ जोड़ने के नफा-नुकसान पर चर्चा की.

उन्होंने कहा, बॉलीवुड में अपने शुरुआती दौर में मैंने ‘इकबाल’ और ‘डोर’ जैसी फिल्मों में गंभीर भूमिकाओं से अपने करियर की शुरुआत की थी, लेकिन उसके बाद ‘गोलमाल 2’ आई, जिसमें मुझे कॉमेडी करने का मौका मिला. उन्होंने आगे कहा, इसके बाद मुझे कॉमेडी फिल्में मिलने लगी. मुझे भी ऐसी भूमिकाएं निभाने में मजा आ रहा था.

इसने मुझे उद्योग में एक सम्मानजनक स्थान दिलाया. लेकिन एक अभिनेता होने के नाते, यह बहुत महत्वपूर्ण है कि आप अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाएं. मैं अपने आप को किसी एक श्रेणी में रखना नहीं चाहता. मुझे पता है कि अब लोगों को यह यकीन दिलाना चुनौतीपूर्ण होगा कि मैं कॉमेडी से अधिक भी कर सकता हूं.

उनसे जब पूछा गया कि अलग-अलग तरह की फिल्में करना क्यों महत्वपूर्ण है तो उन्होंने कहा, कोई पूरे दिन ‘दाल-चावल’ नहीं खा सकता, नहीं तो आप बोर हो जाएंगे. इसी प्रकार से हम कलाकार भी हर फिल्म में एक ही तरह के किरदार निभाते हुए बोर हो जाते हैं. इसलिए अपने सहज दायरे से बाहर निकल कुछ चुनौतीपूर्ण करना बेहद महत्वपूर्ण है. आगामी फिल्म ‘सेटर्स’ में 42 वर्षीय अभिनेता गंभीर भूमिका में नजर आनेवाले हैं.

(इनपुट-आईएएनएस)