नई दिल्ली: अभिनेता सुनील शेट्टी का कहना है कि पर्दे पर किरदार निभाना आसान है, लेकिन देश के लिए जान देने वाले जवानों को देखना भावनात्मक है. सुनील शेट्टी ने यहां एक पुरस्कार समारोह में कहा कि एक मां की कहानी सुन उनकी आंखों में आंसू आ गए थे, जब उन्होंने बताया था कि लड़ाई में उन्होंने अपने बेटों को खो दिया है. Also Read - पानी को देखते ही तड़पने लगती है ये हॉट एक्ट्रेस, सिर्फ शर्ट पहनकर एक नज़र खिड़की झांकी और...

सुनील शेट्टी ने कहा, मैं कारगिल युद्ध में मारे गए कुछ जवानों के परिजनों से मिलने गया. मेरी आंखों में उस वक्त आंसू थे, जब मैंने उस महिला से बात की, जिनका बेटा उस युद्ध में मारा गया था. मेरे पास शब्द नहीं थे, जब उन्होंने कहा, ‘आपके कुछ कहने की जरूरत नहीं है, इससे पहले भी मेरे दो बेटे देश के लिए जान दे चुके हैं. Also Read - अपनी सास जया बच्चन की ये बातें सुनकर फफक पड़ी थीं ऐश्वर्या राय, ऐसा क्या कह दिया था?

उन्होंने बताया, “जब मैं ‘बॉर्डर’ की शूटिंग कर रहा था, तो वहां कुछ जवान हमारे साथ थे, हमने उनसे पूछा कि जब आप लड़ने जाते हैं तो आपके दिमाग में क्या चल रहा होता है, तब उन्होंने बताया, ‘हम कुछ नहीं सोचते, हम सिर्फ इतना जानते हैं कि देश के लिए मरना है’. सुनील वर्ष 1997 आई फिल्म ‘बॉर्डर’ में नजर आए थे. इसमें सनी देओल, जैकी श्रॉफ जैसे सितारे प्रमुख भूमिकाओं में थे. Also Read - एक्टर ऋषि कपूर का कड़क अंदाज, बोले- पर्सनल कमेंट किया तो कर दूंगा हमेशा के लिए ब्लॉक