अभिनेत्री तापसी पन्नू की हालिया रिलीज फिल्म ‘थप्पड़’ को समीक्षकों द्वारा खूब पसंद किया गया और इसके साथ ही साथ दर्शकों से भी फिल्म को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली. Also Read - Kareena Kapoor और Saif Ali के बीच टशन अभी तक है बरकरार, बेडरूम में करती हैं इन तीन चीजों की मांग

फिल्म ने दर्शकों को घरेलू हिंसा पर एक सम्पूर्ण नई अवधारणा को अपनाने और इस पर बात शुरू करने के लिए प्रेरित किया है. फिल्म के निर्देशक अनुभव सिन्हा इसे मिल रहे प्यार को देखते हुए काफी अभिभूत हैं. Also Read - Sushant Singh Rajput की कार्बन कॉपी है Sachin tiwari, देखकर खा जाएंगे झटका

Ayushmann Khurrana, Article 15, Anubhav Sinha

Ayushmann Khurrana with Anubhav Sinha (Picture Courtesy: Instagram/@ayushmannk)

उन्होंने बताया, “आखिरी बार ‘आर्टिकल 15’ के बाद मुझे ढेर सारी तारीफें मिली थीं. मैं भागकर गुलमर्ग चला गया था, पहाड़ों में, जहां नेटवर्क नहीं था. मुझे इस तरह के प्यार से डर लगता है, जहां लोग थिएटर से बाहर आकर कहते हैं कि ‘यह अनुभव सिंन्हा का अब तक का सबसे बेहतरीन काम है.’ मैं दबाव महसूस करता हूं और सोचता हूं कि अब अगला मैं क्या बनाऊं. अब मैं सोचता हूं कि मैं ऐसा कुछ भी नहीं बनाऊंगा, जो औसत या सामान्य दर्जे का हो.” Also Read - Nora Fatehi की ये तस्वीरें फिर मचा रही हैं बवाल, दिल पर खंजर चलाकर करती हैं सलीके से कत्ल

क्या उन्होंने कभी सोचा था कि वह थप्पड़ पर एक पूरी फिल्म बना देंगे? इस पर अनुभव ने कहा, “आज का समय हम कहानीकारों के लिए बेहतरीन है. जब मैंने टेलीविजन से अपने करियर की शुरुआत की थी, तब एक निश्चित श्रेणी की ही कहानियां बताई जाती थी. किसने सोचा था कि एक दिन मुझे एक ऐसी कहानी पर फिल्म बनाने का मौका मिलेगा, जो और कुछ नहीं बस एक थप्पड़ पर आधारित होगी-एक ऐसा आचरण, जिसे आज तक सामान्य दृष्टि से देखा जाता रहा है और अगर कोई महिला इसे लेकर नाराज हो जाती हैं, तो समाज कहता है कि वह इसे लेकर ज्यादा सोच रही है.”

अनुभव आगे कहते हैं, “मैं पूरा श्रेय दर्शकों को देना चाहूंगा, जिन्होंने हममें इस तरह की कहानियों को बताने का आत्मविश्वास जगाया और एक ऐसे विषय पर सवाल उठाया, जो हमारे लिए मायने रखती हैं और वह भी मुख्यधारा की फिल्मों में.”

(इनपुट एजेंसी)