Basant Panchami पर मां सरस्‍वती की पूजा का विधान है. इस दिन पूरे विधि-विधान से मां की पूजा करने से मनचाहा फल मिलता है.

Basant Panchami 2019: बच्‍चे का पढ़ाई में नहीं लगता मन, करें ये काम, मां सरस्‍वती देंगी शिक्षा का वरदान

इस साल ये त्‍योहार 10 फरवरी को मनाया जाएगा. ऐसी मान्यता है कि बसंत पंचमी के दिन देवी सरस्वती पृथ्वी पर प्रकट हुईं थीं. उन्हीं के जन्म के उत्सव पर बसंत पचंमी का त्योहार मनाया जाता है, सरस्वती देवी की पूजा की जाती है.

सरस्‍वती पूजा 2019
मां सरस्‍वती की पूजा करते हुए ये श्‍लोक जरूर पढ़ें-
या कुन्देन्दु-तुषारहार-धवला या शुभ्र-वस्त्रावृता
या वीणावरदण्डमण्डितकरा या श्वेतपद्मासना।
या ब्रह्माच्युत शंकर-प्रभृतिभिर्देवैः सदा वन्दिता
सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा॥

Basant Panchami 2019: बसंत पंचमी को भूलकर भी ना करें ये काम, रूठ जाती हैं मां सरस्‍वती…

मां सरस्वती की आरती
ॐ जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता।
सद्‍गुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता॥ ॐ जय..

चंद्रवदनि पद्मासिनी, ध्रुति मंगलकारी।
सोहें शुभ हंस सवारी, अतुल तेजधारी ॥ ॐ जय..

बाएं कर में वीणा, दाएं कर में माला।
शीश मुकुट मणी सोहें, गल मोतियन माला ॥ ॐ जय..

देवी शरण जो आएं, उनका उद्धार किया।
पैठी मंथरा दासी, रावण संहार किया ॥ ॐ जय..

विद्या ज्ञान प्रदायिनी, ज्ञान प्रकाश भरो।
मोह, अज्ञान, तिमिर का जग से नाश करो ॥ ॐ जय..

धूप, दीप, फल, मेवा मां स्वीकार करो।
ज्ञानचक्षु दे माता, जग निस्तार करो ॥ ॐ जय..

मां सरस्वती की आरती जो कोई जन गावें।
हितकारी, सुखकारी, ज्ञान भक्ती पावें ॥ ॐ जय..

जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता।
सद्‍गुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता॥ ॐ जय..

ॐ जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता ।
सद्‍गुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता॥ ॐ जय..

क्‍या करें विद्यार्थी
इस दिन विद्यार्थी, लेखक और कलाकार देवी सरस्वती की उपासना करते हैं. विद्यार्थी अपनी किताबें, लेखक अपनी कलम और कलाकार अपने म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट और बाकी चीजें मां सरस्वती के सामने रखकर पूजा करते हैं.

धर्म की और खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.