गंगा दशहरा का काफी महत्‍व है. इस साल ये पर्व 12 जून को मनाया जा रहा है. इस दिन खास विधि से पूजन करने का विधान है.

किसकी पूजा करें
भगवान विष्णु और शंकर की पूजा की जाती है. भगवान शंकर का गंगा जल से अभिषेक किया जाता है. किसी जरूरतमंद को जल का घट दान करना चाहिए. इसके अलावा केला, नारियल, अनार, सुपारी, खरबूजा, आम, जल भरी सुराई, हाथ का पंखा दान करना चाहिए.

कैसे करें पूजन
-अगर घर के करीब गंगा जी नहीं हैं तो किसी भी नदी या तालाब में स्नान करें या घर में ही स्नान कर गंगा जी का ध्यान करें.
– 5 पुष्पांजलि अर्पित करें और भगीरथ का नाम मंत्र से पूजन करें.
– गंगा दशहरा 10 पापों का नाश करने वाला होता है इसलिए पूजा में 10 प्रकार के फूल, दशांग धूप, 10 दीपक, 10 प्रकार के नैवेद्य, 10 तांबूल एवं 10 फल का प्रयोग करें.
– 10 ब्राह्मणों को 16 मुट्ठी जौ और तिल दक्षिणा में दें.

जानें महत्व
स्कन्दपुराण में गंगा दशहरा के महत्व के बारे में बताया गया है. पुराण में कहा गया है कि गंगा पुराण को संवत्सरमुखी माना जाता है. इसलिए आज के दिन स्नान, दान और महत्व का खास महत्व है. आज के दिन गंगा में जरूर स्नान करना चाहिए और अर्घ्य देना चाहिए. ऐसा करने से 10 पाप नष्ट हो जाते हैं.