Lunar Eclpise 2018: सदी का सबसे लंबा चंद्रग्रहण शुक्रवार रात 11.54 बजे लग गया. यह ग्रहण 15 साल में मंगल ग्रह के सबसे करीब आया. आज का पूरा चंद्रग्रहण अपेक्षाकृत अलग दुर्लभ खगोलीय घटना है. यह खगोलीय दृश्य भारत के हर हिस्से से पूरी तरह दिखाई पड़ा. पूरा चंद्रग्रहण एक घंटे 43 मिनट के इस ग्रहण को सदी का सबसे बड़ा पूर्ण ग्रहण बताया जा रहा है.Also Read - साल का पहला चंद्रग्रहण आज, जानिए किस राशि पर पड़ेगा प्रभाव | Watch video

ग्रहण के दौरान लोग इसके दुष्प्रभाव से बचने के लिए मान्यताओं के अनुरूप कई तरीके अपनाते हैं. वैसे ही ग्रहण के बाद भी कई तरीके अपनाने की मान्यता या यूं कह लें परंपरा है. इसके पीछे तर्क दिया जाता है कि ग्रहण के बुरे प्रभाव को खत्म करने के लिए कुछ उपाय किए जाते हैं. आइए जानते हैं कौन-कौन से उपाय करने चाहिए. Also Read - चंद्र ग्रहण के दिन भूलकर भी न करें ये काम, जीवन पर पड़ सकता है गलत प्रभाव

> ग्रहण के दौरान किसी भी काम को करने से पहले सबसे ज्यादा नहाना जरूरी है. गंगाजल से नहाना ज्यादा बेहतर माना जाता है.
> मान्यता है कि ग्रहण के बाद घर के मंदिर में सफाई करनी चाहिए और मूर्तियों पर गंगाजल छिड़कना चाहिए.
> घर की साफ-सफाई करनी चाहिए. धूप-बत्ती दिखा शुद्धी करना चाहिए.
> घर में मौजूद तुलसी के पौधे पर भी गंगाजल छिड़कना चाहिए.
> मन की शुद्धी बहुत जरूरी है. ऐसे में मन की शुद्धी के लिए दान-पुण्य का प्रावधान बनाया गया है.
> शिव मंत्र का जाप करने के लिए भी कहा जाता है.
> पितरों को याद किया जाता है और उनके नाम से किसी भी धार्मिक स्थल पर दान किया जाता है.त Also Read - Chandra Grahan 2022: चंद्र ग्रहण के दिन 80 साल बाद बन रहा ये संयोग, ये 3 राशियां होंगी प्रभावित

बता दें कि शुक्रवार देर रात चंद्र ग्रहण लगा. ग्रहण रात 11:54 से शुरू होकर रात 3:49 बजे समाप्त होगा. ग्रहण 103.6 मिनट चला. इससे पहले सूतक 9 घंटे पूर्व दोपहर 2:54 बजे से शुरू हो गया था.