नई दिल्ली:  सुहागिन महिलाओं के लिए करवा चौथ का व्रत खास महत्व रखता है. इस दिन का इंतेजार सुहागिन महिलाएं पूरे साल करती हैं. इस साल करवा चौथ 4 नवंबर को मनाया जाएगा. इस दिन महिलाएं पति की लंबू उम्र के लिए व्रत रखती हैं. यह व्रत ना केवल पति की लंबी आयु के लिए रखा जाता है बल्कि इस व्रत से दोनों के बीच प्यार भी बढ़ता है. ऐसे में अगर आप भी करवा चौथ का व्रत रखती हैं तो आज हम आपको कुछ ऐसे मंत्रों के बारे में बताने जा रहे हैं जो काफी फलदायी साबित हो सकते हैं. जब रात को चंद्रमा की पूजा की जाती है तो इस दौरान एक विशेष मंत्र का जाप करना विशेष फलदायी होता है. आइए जानते हैं उस मंत्र के बारे में- Also Read - बिपाशा बसु को आई पिछले करवा चौथ की याद, बताया - उस वक्त क्यों सड़क पर खोलना पड़ा था व्रत

करवा चौथ विशेष मंत्र
रात के समय चंद्रमा को जल अर्पण के दौरान यह मंत्र जाप करना चाहिए. मंत्र है- ”सौम्यरूप महाभाग मंत्रराज द्विजोत्तम, मम पूर्वकृतं पापं औषधीश क्षमस्व मे. जिसका मतलब है – मन को शीतलता पहुंचाने वाले, सौम्य स्वभाव वाले ब्राह्मणों में श्रेष्ठ, सभी मंत्रों एवं औषधियों के स्वामी चंद्रमा मेरे द्वारा पूर्व के जन्मों में किए गए पापों को क्षमा करें. मेरे परिवार में सुख शांति का वास हो. Also Read - Karwa Chauth 2020 Chand Live: ये है करवा चौथ पूजन का शुभ मुहूर्त, जानें अलग-अलग जगहों पर कितने बजे दिखेगा चांद

द्रौपदी ने भी रखा था करवा चौथ का व्रत Also Read - Karwa Chauth 2020: नेहा कक्कड़ से काजल अग्रवाल तक, इन हस्तियों का होगा पहला करवा चौथ- SEE LIST

माना जाता है कि द्रौपदी ने भगवान श्री कृष्ण के सुझाव से यह व्रत रखा था. जिसके बाद पांड़वों को कुरुक्षेत्र के युद्ध में जीत मिली थी. रामचरितमानस के लंका काण्ड में भी इस बात का ज़िक्र है कि जो पति-पत्नी किसी भी कारणवश एक दूसरे से बिछुड़ जाते हैं, वो महिलाएं चंद्रदेव की पूजा करती हैं और कहती है कि ऐसा कभी ना हो कि उन्हें अपने सुहाग से बिछड़ना पड़े.