Kharmas 2020: आज से खरमास शुरू हो गया है. आज से पूरे एक माह के लिए शुभ कार्यों को करने की मनाही है. इस माह में केवल जप, तप, दान करने की बात शास्‍त्रों में कही गई है. Also Read - Kharmas 2020: इस तिथि से लग रहा है खरमास, एक महीने के लिए रुक जाएंगे शुभ कार्य, क्‍या करें क्‍या नहीं

खरमास सूर्य से संबंधित माह होता है. चूंकि पृथ्‍वी पर सूर्य देव की रौशनी से ही जीवन संभव है, अत: शुभ कार्यों में इनकी स्थिति का खास महत्‍व होता है. खरमास के समय को इसलिए अशुभ माना जाता है क्‍योंकि इस समय में सूर्य नीच राशि में होते हैं.

14 मार्च यानी आज सूर्यदेव मीन राशि में प्रवेश कर गए हैं, इसलिए 14 मार्च से 13 अप्रैल तक खरमास का समयकाल रहेगा. अमूमन साल में दो बार खरमास का समय आता है.

खरमास में हर तरह के शुभ कार्यों जैसे विवाह, मुंडन, नए कारोबार का आरंभ, सगाई, गृह निर्माण, गृह प्रवेश आदि करने की मनाही होती है.

Kharmas 2020

खरमास में कोई मकान इत्यादि खरीदना या कोई संपत्ति की खरीद करना शुभता वाला नहीं माना जाता है. इस मास के दौरान नया वाहन भी नहीं खरीदना चाहिए. अगर इस समय पर कोई वाहन इत्यादि की खरीद की जाती है तो उक्त वाहन से संबंधित कष्टों को झेलना पड़ सकता है.

इस समयकाल में सूर्य उपासना करनी चाहिए. सूर्य को अर्घ्‍य देना चाहिए. दान-पुण्य का विशेष महत्व है. गरीबों, असहायों और जरूरतमंदों को दान देना चाहिए. उन्‍हें भोजन कराएं. यथासंभव उनकी सहायता करें.

खरमास के दौरान जल का दान भी बहुत महत्व रखता है इस समय के दौरान पवित्र नदियों में स्नान का महत्व बताया जाता है. इस समय पर ब्रह्म मूहूर्त समय किए गए स्नान को शरीर के लिए बहुत उपयोगी माना गया है.