Kumbh Mela 2019: प्रयाग कुंभ में अगला शाही स्‍नान चार फरवरी को मौनी अमावस्‍या के दिन है. मान्यता है कि इस दिन ग्रहों की स्थिति पवित्र नदी में स्नान के लिए सर्वाधिक अनुकूल होती है. इसी दिन प्रथम तीर्थांकर ऋषभ देव ने अपनी लंबी तपस्या का मौन व्रत तोड़ा था और यहीं संगम के पवित्र जल में स्नान किया था. इस दिन पर मेला क्षेत्र में सबसे अधिक भीड़ होती है. मेला प्रशासन ने इस दिन करीब 5 करोड़ लोगों की भीड़ होने का अनुमान जताया है.

Kumbh 2019: कुंभ में ये अखाड़े लगाते हैं आस्‍था की डुबकी, जानें इनका पूरा इतिहास

प्रयाग कुंभ के अगले प्रमुख शाही स्‍नान मौनी अमावस्‍या को लेकर बीते दिनों अखाड़ों व मेला प्रशासन की बैठक हुई. इसमें कहा गया कि पिछले शाही स्‍नान पर अखाड़ों के लिए 250 फीट स्‍नान घाट बनाया गया था, लेकिन मौनी अमावस्‍या का स्‍नान सबसे प्रमुख होता है. ऐसे में इस स्‍नान पर्व पर न‍ सिर्फ आम श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़गी बल्कि अखाड़े के महामंडलेश्‍वरों और नागा साधुओं की भीड़ बढ़ना भी तय है.

Kumbh 2019: कुंभ में आने वाले नागा साधुओं के बारे में वो बातें, जिससे आप भी होंगे अंजान

अखाड़ों के लिए संगम घाट होगा बड़ा
अखाड़ा परिषद के अध्‍यक्ष महंत नरेंद्र गिरि ने 250 फीट दायरे को बढ़ाने का प्रस्‍ताव रखा. उन्‍होंने कहा कि पिछले स्‍नान में इस दायरे में आम श्रद्धालु खड़े थे, लेकिन इस स्‍नान पर्व पर भीड़ अधिक होने के कारण आम श्रद्धालुओं की जगह को रिर्जव रखने के लिए कहा गया है. ताकि किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो. इस पर मेला प्रशासन विचार कर रहा है.

Kumbh Mela 2019: पहले शाही स्नान पर प्रयागराज में सवा दो करोड़ लोगों ने लगाई आस्‍था की डुबकी

धर्म से जुड़ी अन्य खबरों को पढ़ने के लिए धर्म पर क्लिक करें.