प्रयागराज: कुंभ मेला कितना भव्य और दिव्य है, यह उल्टा किला से स्पष्ट दिखाई देता है. झूंसी स्थित उल्टा किला की इसी विशेषता को ध्यान में रखकर ‘दि अल्टिमेट ट्रैवेलिंग कैंप’ (टीयूटीसी) ने अपनी टेंट नगरी ‘संगम निवास’ यहां बसाई है. Also Read - Prayagraj Magh Mela 2021: हाईकोर्ट ने योगी सरकार से पूछा- माघ मेला में कोविड संक्रमण रोकने के क्या हैं इंतजाम, 'फुलप्रूफ योजना' प्रस्तुत करें

Also Read - Viral: बारात आने से पहले हादसे का शिकार हुई दुल्हन, दूल्हे ने दिया साथ, स्ट्रेचर पर लिए सात फेरे

टीयूटीसी के मुख्य परिचालन अधिकारी रजनीश सभरवाल ने बताया कि संगम निवास में हमने हमारे अतिथियों के लिए दो तरह के टेंट-लग्जरी और सुपर लग्जरी डीलक्स टेंट स्थापित किए हैं जो आधुनिक सुविधाओं से युक्त हैं. उन्होंने बताया कि टीयूटीसी अपने मेहमानों को यहां कई सुविधाओं की पेशकश करता है जिसमें प्रतिदिन योग और ध्यान की कक्षाएं, संगम तक नाव की सवारी, आध्यात्मिक साधुओं से बातचीत, मेले और अखाड़ों का भ्रमण आदि शामिल है. सभरवाल ने बताया कि कुंभ मेला एक आध्यात्मिक मेला है इसे ध्यान में रखते हुए उनकी कंपनी इस टेंट नगरी में अतिथियों को केवल शुद्ध सात्विक भोजन की पेशकश कर रही है और अल्कोहल एवं मांसाहार, संगम निवास परिसर में पूरी तरह से निषिद्ध है. Also Read - Gang-rape in UP News: ऑर्केस्ट्रा में काम करने वाली युवती से होटल में गैंगरेप, 4 में एक आरोपी अरेस्‍ट

Kumbh Mela 2019: कुंभ में आकर्षण का केंद्र बना गऊ ढाबा, जानिए कितने रुपये की है एक थाली

संगम निवास के टेंट 60 प्रतिशत तक बुक

उन्होंने बताया कि वर्तमान में संगम निवास के टेंट 60 प्रतिशत तक बुक हैं और आगामी दिनों में बुकिंग 80 प्रतिशत तक पहुंचने की संभावना है. यहां आने वाले अतिथियों में 50 प्रतिशत विदेशी मेहमान हैं जिसमें अमेरिका, ब्रिटेन, तुर्की, यूरोप, सिंगापुर के पर्यटक शामिल हैं. सभरवाल ने बताया कि संगम निवास में मेहमानों का ख्याल रखने के लिए 100 से अधिक कर्मचारी लगाए गए हैं जिनमें हाउसकीपिंग स्टाफ, आयुर्वेदिक चिकित्सक, स्पा के पंचकर्म विशेषज्ञ, कुकिंग स्टाफ आदि शामिल हैं.

Kumbh Mela 2019: कुंभ में कल्‍पवास का है विशेष महत्‍व, जानें क्‍या कहता है पद्म पुराण…

पूरे कैंपस में सीसीटीवी कैमरे

टीयूटीसी ने सुरक्षा के लिहाज से पूरे कैंपस में सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए हैं और परिसर की दीवारों पर कंटीले तार लगाए हैं. उन्होंने बताया कि हमने हाल ही में नागालैंड में हुए हॉर्नबिल फेस्टिवल में 12 कैंप लगाए थे जहां ऑक्यूपेंसी रेट 100 प्रतिशत रही.

Kumbh 2019: कुंभ में ये अखाड़े लगाते हैं आस्‍था की डुबकी, जानें इनका पूरा इतिहास

धर्म की और खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.