Magh Purnima 2026 Date: माघ पूर्णिमा कब है? नोट करें व्रत की डेट और जानें स्नान-दान का शुभ मुहूर्त

Magh Purnima 2026 Date: हिंदू धर्म में माघ पूर्णिमा का विशेष महत्व माना गया है और इस दिन स्नान-दान करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है. पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी और चंद्रमा का पूजन किया जाता है.

Published date india.com Published: January 23, 2026 3:15 PM IST
Magh Purnima 2026 Date: माघ पूर्णिमा कब है? नोट करें व्रत की डेट और जानें स्नान-दान का शुभ मुहूर्त

Magh Purnima 2026 Date: हिंदी कैलेंडर के अनुसार प्रत्येक माह पूर्णिमा तिथि आती है और माघ माह की पूर्णिमा को माघी पूर्णिमा कहा जाता है. इस दिन पवित्र नदी गंगा में स्नान करने का विशेष महत्व माना गया है और स्नान के बाद अपनी क्षमतानुसार दान अवश्य करना चाहिए. कहते हैं कि माघ पूर्णिमा के दिन स्नान-दान करने वाले जातक को मोक्ष की प्राप्ति होती है. इस दिन घरों में मां लक्ष्मी का पूजन किया जाता है और रात्रि के समय चंद्रमा की पूजा के बाद व्रत का पारण किया जाता है. आइए जानते हैं कि कब है माघ पूर्णिमा?

माघ पूर्णिमा 2026 कब है?

वैदिक पंचांग के अनुसार माघ के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि 1 फरवरी 2026 को सुबह 5 बजकर 52 मिनट पर शुरू होगी और 2 फरवरी को सुबह 3 बजकर 38 मिनट पर समाप्त होगी. उदयातिथि के अनुसार इस साल माघ पूर्णिमा का व्रत 1 फरवरी 2026 को रखा जाएगा और इसी दिन स्नान व दान भी किया जाएगा.

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माघ पूर्णिमा 2026 स्नान-दान का मुहूर्त

माघ पूर्णिमा के दिन पवित्र नदी में स्नान किया जाता है और इस दिन व्रत भी रखा जाता है. पंचांग के अनुसार इस माघ पूर्णिमा का व्रत, स्नान व दान सभी का मुहूर्त एक ही दिन यानि 1 फरवरी 2026 को है. माघ पूर्णिमा के दिन ब्रह्म मुहूर्त में स्नान करना बहुत ही शुभ माना गया है और 1 फरवरी को ब्रह्म मुहूर्त का समय सुबह 5 बजकर 24 मिनट से लेकर सुबह 6 बजकर 17 मिनट तक रहेगा. स्नान के बाद सूर्य देव को अर्घ्य देकर दान करने की परंपरा है. इस दिन अभिजीत मुहूर्त में दान करना शुभ होता है और अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 13 मिनट से लेकर दोपहर 12 बजकर 57 मिनट तक रहेगा.

मां लक्ष्मी की पूजा का शुभ मुहूर्त

माघ पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी का पूजन किया जाता है और यह पूजन प्रदोष काल में करना शुभ होता है. बता दें कि सूर्यास्त के बाद का समय प्रदोष काल कहलाता है और 1 फरवरी को सूर्यास्त शाम 6 बजे होगा. ऐसे में शाम 6 बजे के बाद मां लक्ष्मी का पूजन किया जा सकता है.

माघ पूर्णिमा चंद्रोदय का समय

माघ पूर्णिमा के व्रत का पारण चंद्रमा की पूजा के बाद किया जाता है. 1 फरवरी को माघ पूर्णिमा के दिन चंद्रोदय का समय शाम को 5 बजकर 26 मिनट है. ऐसे में चंद्रमा को अर्घ्य देकर पूजा करें और फिर व्रत का पारण करें.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई सभी जानकारियां सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं. India.Com इसकी पुष्टि नहीं करता. इसके लिए किसी एक्सपर्ट की सलाह अवश्य लें.

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