Masik Shivaratri Vrat 2021 : शिवरात्रि शिव और शक्ति के अभिसरण का विशेष पर्व है. हर माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मासिक शिवरात्रि (Masik Shivratri 2021) के नाम से जाना जाता है. पौराणिक कथाओं के अनुसार महा शिवरात्रि के दिन मध्य रात्रि में भगवान शिव लिङ्ग के रूप में प्रकट हुए थे. पहली बार शिव लिङ्ग की पूजा भगवान विष्णु और ब्रह्माजी द्वारा की गयी थी. इसीलिए महा शिवरात्रि को भगवान शिव के जन्मदिन के रूप में जाना जाता है और श्रद्धालु लोग शिवरात्रि के दिन शिव लिङ्ग की पूजा करते हैं. इस दिन व्रत रखने से जीवन में सुख और शांति आती है. इस बार साल की पहली मासिक शिवरात्रि 11 जनवरी को मनाई जाएगी.Also Read - Masik Shivratri 2021 Date: इस दिन मनाई जाएगी मासिक शिवरात्रि, जानें किस शुभ मुहूर्त पर करें शिवजी की पूजा

मासिक शिवरात्रि मुहूर्त (Masik Shivratri 2021 Muhurat)
पौष, कृष्ण चतुर्दशी
प्रारम्भ -14:32, जनवरी 11
समाप्त – 12:22, जनवरी 12 Also Read - Masik Shivratri 2021 June Month: मंगलवार को मासिक शिवरात्रि व्रत, जानें महत्व, पूजन विधि, शुभ मुहूर्त

मासिक शिवरात्रि का महत्व (Masik Shivratri 2021 Importance)
इस दिन व्रत रखने से नकारात्मक ऊर्जा खत्म होती है. इस व्रत में व्यक्ति को अपने अवगुणों का त्याग करना होता है. इस व्रत को करके देवी-देवताओं ने मनचाहा वरदान पाया है. भगवान शिव के पूजन के लिए उचित समय प्रदोष काल माना जाता है. शिव पुराण के अनुसार, इस दिन व्रत करके भगवान शिव की पूजा-अर्चना करने से सभी मनोरथ पूर्ण होते हैं. जीवन की मुश्किलें दूर होती हैं. Also Read - Masik Shivratri  2021: आज मासिक शिवरात्रि, जानें शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व

मासिक शिवरात्रि पूजन विधि (Masik Shivratri 2021 Pujan Vidhi)

– इस दिन सूर्योदय से पहले उठें. स्नान करें. भगवान शिव का ध्‍यान कर व्रत का संकल्‍प लें.
– शिवलिंग पर जल, घी, दूध, शक्‍कर, शहद, दही आदि अर्पित करें. बाबा भोलेनाथ को बेलपत्र, धतूरा आदि चढ़ाएं.
– ऊं नम: शिवाय मंत्र का लगातार जप करें.
– भगवान शिव के साथ माता पार्वती की आरती भी करें.
– भगवान को लगाए जाने वाले भोग में कुछ मीठा जरूर शामिल करें.