Navratri 2020 1st Day: चैत्र नवरात्रि पर लोग मां दुर्गा का पूजन करते हैं. नौ दिन का ये पर्व आरंभ हो चुका है. Also Read - Chaitra Navratri 1st Day Maa Shailputri Puja: चैत्र नवरात्रि के पहले दिन होगी मां शैलपुत्री की पूजा, जानें पूजन विधि, देवी के मंत्र

मां शैलपुत्री की पूजा

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हिमालय की पुत्री हैं मां शैलपुत्री. इनका वाहन वृषभ है, इसलिए यह देवी वृषारूढ़ा के नाम से भी जानी जाती हैं. शैलपुत्री देवी ने दाएं हाथ में त्रिशूल धारण कर रखा है और बाएं हाथ में कमल सुशोभित है. यही देवी प्रथम दुर्गा हैं. Also Read - Chaitra Navratri 2021: घोड़े पर सवार होकर आएंगी मां दुर्गा, इस चैत्र नवरात्रि के ये होंगे नियम

ये ही सती के नाम से भी जानी जाती हैं. मां के इस स्वरूप को सौभाग्य और शांति का प्रतीक माना जाता है. ऐसी मान्यता है कि मां शैलपुत्री की विधि पूर्वक पूजा करने से घर में सौभाग्य का आगमन होता है.

पूजा विधि

 

कलश स्थापना के बाद उसी चौकी पर श्रीगणेश, वरुण, नवग्रह, षोडश मातृका (16 देवी), सप्त घृत मातृका(सात सिंदूर की बिंदी लगाये) की स्थापना भी करें.

मां के सामने हाथ जोड़कर व्रत और पूजन का संकल्प लें.

मां को 16 श्रृंगार की वस्तुएं, चंदन, रोली, हल्दी, बिल्वपत्र, फूल, दुर्वा, बिल्वपत्र, आभूषण, फूलों का हार, सुगंधित द्रव्य, धूप-दीप, नैवेद्य, फल, पान, दक्षिणा, आरती, प्रदक्षिणा आदि अर्पित करें.

चैत्र शुक्ल प्रतिपदा का हिंदू धर्म में काफी महत्व है. इस दिन कई प्रमुख पर्व होते हैं. साथ ही नव वर्ष की शुरुआत भी होती है. देश के अलग-अलग हिस्सों में इसे चैत्र नवरात्रि, गुड़ी पड़वा, उगदी आदि नामों से मनाया जाता है.

चैत्र नवरात्रि 2020

 

चैत्र नवरात्रि 2020 का प्रारंभ इसी सप्ताह 25 मार्च, बुधवार से हो रहा है. बुधवार को मां दुर्गा के पूजन का प्रथम दिन यानी पहला नवरात्र होगा. 25 मार्च को ही कलश स्थापना की जाएगी. इसके बाद अगले नौ दिन तक मां के विभिन्न रूपों का पूजन किया जाएगा.