Surya Grahan 2018: आज साल का आख‍िरी सूर्यग्रहण लगने वाला है. यह सूर्य ग्रहण आंश‍िक होगा और इसे भारत में नहीं देखा जा सकेगा. लेकि‍न ज्‍योत‍िष गुरुओं के अनुसार भारत में यह ग्रहण भले ही नजर ना आए पर इसका असर हर व्‍यक्‍त‍ि पर होगा. बता दें क‍ि इससे पहले 15 फरवरी ओर 13 जुलाई को इस साल में सूर्यग्रहण लग चुका है.Also Read - Rashifal: इन 4 राशियों का शुरू हुआ अच्छा समय, बने तरक्की के प्रबल योग, पढ़ें अपना राशिफल

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सूर्यग्रहण का समय: शनिवार 11 अगस्त को दोपहर 1:32:08 बजे.

मध्य का समय: शनिवार 11 अगस्त दोपहर 3:16:24 बजे होगा

सूर्यग्रहण समाप्ति का समय: 11 अगस्त को शाम 05 बजकर 40 सेकेंड पर ग्रहण समाप्त होगा.

व‍िज्ञान क्‍या कहता है

सूर्यग्रहण एक खगोलीय घटना है, और ये घटना तभी होती है जब चन्द्रमा सूर्य और पृथ्वी के बीच से गुजरता है. सूर्यग्रहण के दौरान पृथ्वी के उत्तरी एवं दक्षिणी ध्रुव प्रभावित होते हैं. सूर्य से अल्ट्रावॉयलेट किरणें निकलती हैं जो एंजाइम सिस्टम को प्रभावित करती हैं, इसलिए सूर्यग्रहण के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है. सूर्य ग्रहण को कभी भी नंगी आंखों से नहीं देखना चाहिए.

सूर्यग्रहण को देखने के लिए टेलिस्‍टकोप का ही इस्‍तेमाल करना चाहिए. सूर्य ग्रहण को देखने के लिए अल्‍ट्रावॉयलेट किरणों को रोकने की क्षमता वाले चश्‍में का भी इस्‍तेमाल किया जा सकता है. गर्भवती महिलाओं को इस दौरान विशेष सावधानी की जरूरत होती है. उन्हें न तो सूर्यग्रहण देखना चाहिए, और न ही इस दौरान घर से बाहर निकलना चाहिए.

यह सूर्य ग्रहण आंश‍िक है, यान‍ि चंद्रमा सूर्य को आधा ढक लेगा. इस दौरान सूर्य अर्ध चंद्र के आकार का द‍िखता है.

सूर्यग्रहण में क्‍या करें, क्‍या नहीं 

सूर्यग्रहण के दौरान कुछ कार्य करने की मनाही होती है. ज्‍योत‍िषाचार्य पंड‍ित व‍िनोद म‍िश्र के अनुसार सूर्यग्रहण के दौरान कुछ कार्यों को करने से व‍िपरीत असर होते हैं. उनमें कुछ प्रमुख इस प्रकार हैं:

1. सूर्यग्रहण के दौरान पूजा पाठ से संबंध‍ित कोई काम ना करें. खासतौर से इस समय भगवान की मूर्त‍ि या तस्‍वीरों को हाथ नहीं लगाया जाता. पूजा पाठ नहीं करना चाह‍िए.

2. इस दौरान खाना नहीं खाया जाता. सूर्यग्रहण के दौरान वातावरण में नकारात्‍मकता ज्‍यादा रहती है और ऐसी मान्‍यता है क‍ि इस दौरान भोजन करने से सेहत पर व‍िपरीत असर होता है.

3. इस दौरान तुलसी के पत्‍तों को भूलकर भी नहीं तोड़ना चाह‍िए. यहां तक क‍ि सूतक में भी तुलसी के पत्‍ते को नहीं तोड़ना चाह‍िए. सूर्यग्रहण के दौरान तुलसी और शामी को ना छूएं.

4. ग्रहण के सोना भी नहीं चाह‍िए. अगर आप बहुत ज्‍यादा थके हुए हैं तो पैर फैलाकर बैठ सकते हैं. हालांक‍ि इसमें बच्‍चों और बुजुर्गों के लि‍ए छूट है.

5. ज्योतिष यह भी मानते हैं कि ग्रहण को खुले आकाश के नीचे जाकर नहीं देखना चाहिए. क्योंकि इसका प्रभाव नकारात्मक होता है. खासतौर से प्रेग्नेंट महिलाओं को इस दौरान घर के बाहर नहीं आना चाहिए. ऐसी मान्यता है कि इसका बच्चे और मां दोनों प्रभावित होते हैं.

सूर्यग्रहण के दौरान क्‍या करें:

1. इस दौरान आप भगवान की पूजा तो नहीं कर सकते, लेकि‍न उनके नाम की जाप कर सकते हैं. इस दौरान मंत्रों का जप करना भी लाभदायक होता है. ज‍िन लोगों की कुंडली में सूर्य कमजोर है, वह आज सूर्य के मंत्रों का जाप कर, इसका न‍िवारण कर सकते हैं.

2. अगर आप तीर्थ स्थान पर है तो वहीं स्नान कर, मंत्रों का जप करें.

3. सूर्यग्रहण का समय समाप्‍त होने के बाद पूरे घर में गंगाजल का छ‍िड़काव करें.