Gujarat News: गुजरात के बड़े- बड़े शहरों में आग लगने की वारदातें लगातार सामने आ रही है. ऐसी वारदातें सबसे ज्यादा अहम जगहों जैसे कि अस्पताल, ICU सेंटर, स्कूल और एजुकेशन क्लासेज में हो रही हैं. हाल ही में इसको लेकर हाईकोर्ट ने प्रशासन को फटकार लगाई है, जिसके बाद प्रशासन की नींद टूटी है और तुरंत कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं. Also Read - चौंकाने वाले आंकड़े! ड्राई गुजरात में बीते चार साल में महिलाओं के शराब पीने की संख्या हुई दोगुनी, पुरुषों का आंकड़ा 50% कम हुआ

बात अगर सूरत शहर की करें, तो यहां पर एजुकेशन क्लासेज में लगी आग ने कई बच्चों की जान ले ली थी. अब स्कूल प्रशासन को इसी बात पर हाइकोर्ट ने फटकार लगाई है. इससे पहले फायर डिपार्टमेंट ने इन सबको नोटिस भेजा था कि सभी स्कूलों में फायर एवं सेफ्टी के लिए जरूरी इक्विपमेंट लगाए जाएं, साथ ही इनका रख-रखाव भी ठीक तरीके से किया जाए. इस नोटिस को बार बार भेजने के बावजूद भी सूरत में कई स्कूल ऐसे थे जो सही तरीके से इसका पालन नही कर रहे थे. Also Read - Prayagraj Magh Mela 2021: हाईकोर्ट ने योगी सरकार से पूछा- माघ मेला में कोविड संक्रमण रोकने के क्या हैं इंतजाम, 'फुलप्रूफ योजना' प्रस्तुत करें

ऐसी जानकारी मिलने के बाद आज फायर एन्ड सेफ्टी डिपार्टमेंट ने ऐसे 10 स्कूलों को सील कर दिया हैं. डिपार्टमेंट ने ऐसे सभी स्कूल के संचालकों से पूछा है कि उन्होंने नियमों का पालन क्यों नहीं किया ? स्कूल में पढ़ रहे बच्चो के साथ खिलवाड़ क्यों किया जा रहा है? Also Read - 108 वर्ष की उम्र में रलियात बा का निधन, 101 सदस्यों वाले परिवार की थी मुखिया

फायर डिपार्टमेंट ने स्वामीनारायण परमसुख विद्या स्कूल, साधनानिकेतन, स्कॉलर इंग्लिश मीडियम स्कूल, अंकुर विद्यालय, योगी विद्यालय, गुरुकृपा प्ले ग्रुप, श्री गोर्धनदास सोनावाला मनीबा विद्यालय, सुरचंद ज़वेरी स्कूल, श्री केस जोश डायमंड ज्युबिली स्कूल के खिलाफ एक्शन लेकर सील कर दिया है. हालांकि अभी ऑनलाइन क्लासेज चलने की वजह से विद्यार्थियों को दिक्कत कम होगी पर अब ऑनलाइन क्लासेज कहां से चलेंगी, ये बड़ा सवाल है.