वाशिंगटन: तनाव से बीमारियां होती हैं, यह तो सभी मानते हैं, लेकिन इन बीमारियों की वजह क्या है, अब इसका भी खुलासा हो गया है. एक नये अध्ययन में बताया गया है कि तनाव हमारी प्रतिरक्षा कोशिकाओं के साथ संवाद करता है और बीमारी फैलाने वाले किसी भी कारक के प्रति वह कैसा व्यवहार करेंगे, यह नियंत्रित करता है. Also Read - US Violence: Trump समर्थकों-पुलिस के बीच हिंसक झड़प, 220 वर्षों में कई खूनी हिंसा की गवाह रहा है Capitol Hill

जर्नल ऑफ ल्यूकोसाइट बायोलॉजी में प्रकाशित खबर के अनुसार, अध्ययन में यह दिखाया गया है कि कैसे कोर्टिकोट्रोपिन रिलीजिंग फैक्टर (सीआरएफ-1) नामक तनाव रिसेप्टर मास्ट कोशिका नामक प्रतिरक्षा कोशिका को सिग्नल भेज सकता है और यह नियंत्रित कर सकता है कि वह शरीर की रक्षा किस प्रकार से करे. Also Read - Live Upadte: US Capitol में हिंसा में मृतकों का आंकड़ा बढ़ा, Washington DC में 15 दिन की पब्लिक इमरजेंसी बढ़ाई

इस अध्ययन के लिए अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी के अनुसंधानकर्ताओं ने चूहों में 2 प्रकार के तनाव मनोवैज्ञानिक और एलर्जी के दौरान उनकी हिस्टामाइन प्रतिक्रिया की तुलना की. एक समूह के चूहों को सामान्य कहा गया जिनकी मास्ट कोशिकाओं में सीआरएफ-1 था वहीं दूसरे समूह में सीआरएफ-1 नहीं था. Also Read - US- China Tension: चीन ने अमेरिका से कहा- चेंगदू स्थित अपना दूतावास बंद करो

विश्वविद्यालय के एडम मोसेर का कहना है कि जब सामान्य चूहों को तनाव की स्थिति में रखा गया तो उनमें हिस्टामाइन का उच्च स्तर और बीमारियां देखने को मिलीं. वहीं जिन चूहों में सीआरएफ-1 नहीं था, उनमें हिस्टामाइन का स्तर भी कम था और उनमें बीमारियां भी कम थीं. तथा उनका दोनों प्रकार के तनावों से भी बचाव हुआ. उन्होंने कहा कि यह दिखाता है कि सीआरएफ-1 तनाव के कारण उत्पन्न होने वाली बीमारियों से महत्वपूर्ण रूप से जुड़ा हुआ है.