नई दिल्ली:  रक्तदान को महादान व जीवनदान कहा गया है. भारत में प्रतिवर्ष 1 अक्टूबर को राष्ट्रीय स्वैच्छिक रक्तदान दिवस मनाया जाता है. इस दिन को मनाए जाने का उद्देश्य समाज में महान परिवर्तन लाने,  हिंसा और चोट के कारण गंभीर बीमारी, बच्चे के जन्म से संबंधित जटिलताओं, सड़क यातायात दुर्घटनाओं और कई आकस्मिक परिस्थितियों से निकलने में रक्तदान की महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाना है. रक्तदान से जिंदगी से जूझ रहे लोगों को नया जीवन मिलता है. राष्ट्रीय स्वैच्छिक रक्तदान दिवस के मौके पर आज हम आपको रक्तदानके कुछ खास फायदों के बारे में बताने जा रहे हैं आइए जानते हैं इस बारे में-

दिल रहता है हेल्दी- रक्तदान दिल के लिए काफी हेल्दी होता है. नियमिल तौर पर रक्तदान करने से शरीर में आयरन की मात्रा संतुलित रहती है और रक्तदाता को हृदय आघात से दूर रखता है. रक्‍तदान से खून पतला होता है जो कि दिल के लिए फायदेमंद है.

हार्ट अटैक का खतरा कम- ब्लड डोनेशन से आप लंबे वक्त तक जवां बने रहते हैं और स्ट्रोक व हार्ट अटैक से भी बचाव होता है.

कैंसर का खतरा कम- ब्लड डोनेट करने से शरीर में आयरन की मात्रा सही बनी रहती है. आयरन की अधिकता से लीवर टिशू का ऑक्सीडेशन होता है, जिससे वो डैमेज हो सकता है और आगे चलकर कैंसर बन सकता है. इसलिए नियमित रूप से ब्लड डोनेट करने से लीवर डैमेज व कैंसर का जोखिम भी कम होता है.

वजन नियंत्रण में सहायक-  रक्तदान कैलोरी जलाने और वजन को कम करने में मदद कर सकता है. लाल रक्त कोशिकाओं का स्तर अगले कुछ महीने में बराबर हो जाता है. इस बीच स्वस्थ डाइट और नियमित व्यायाम से वजन नियंत्रण में मदद मिलती है. हालांकि, रक्तदान को वजन कम करने का तरीका नहीं कहा जा सकता.

बनती हैं नई रक्त कोशिकाएं- शरीर को स्‍वस्‍थ रखने के लिए नई रक्‍त कोशिकाओं की बहुत बड़ी भूमिका होती है. नियमित रूप से रक्‍तदान करने के बाद आपके शरीर में जो नया खून बनता है वह स्‍वास्थ्‍य के लिए बहुत फायदेमंद है.