चीन के शोधकर्ताओं के एक दल ने एक एंटीबायोटिक की संभावनाओं वाले एक कवक सामग्री की खोज की है. शोधकर्ताओं का कहना है कि इसे लैब में बनाया जा सकता है. इस शोध को हाल में ‘नेचर कम्युनिकेशन’ नामक पत्रिका में प्रकाशित किया गया है. समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, दुनिया भर के स्वास्थ्य संगठन एंटीबायोटिक के इस्तेमाल करने की कोशिश में जुटे हैं. Also Read - Tips: बढ़ानी है उम्र तो आज ही अपनाएं ये आदतें, ऐसे करें शुरुआत...

ऐसा इसलिए है क्योंकि एंटीबायोटिक के ज्यादा इस्तेमाल से हाल के सालों में ये काफी कम प्रभावी हो गए हैं और सुपरबग सामने आए हैं. सुपरबग बैक्टीरिया का स्ट्रेन है, जो कई प्रकार के एंटीबायोटिक के प्रति प्रतिरोधकता पैदा कर लेते हैं. इस बीच शोधकर्ता नए एंटीबायोटिक खोजने की कोशिश में जुटे हुए हैं. Also Read - Healthy लाइफ स्‍टाइल चाहिए तो अपनाए ये उपाय, होंगे चौंकाने वाले फायदे

चीन के चोंगकिंग विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं की अगुवाई वाले एक दल ने एल्बोमाइसिन संश्लेषित करने के लिए एक तकनीक विकसित की है. एल्बोमाइसिन कवक यौगिकों का एक समूह है, जिसके एंटीमाइक्रोबियल (सूक्ष्मजीवरोधी) गुण की पुष्टि पहले हो चुकी है. शोध के लेखकों का कहना है कि यह तत्व को पर्याप्त मात्रा में प्राप्त कर इसकी एंटीबायोटिक क्रियाविधि की जांच करने की अनुमति दी जा सकती है. Also Read - सर्दियों में तेजी से फैलती है ये बीमारी, भूलकर भी न करें नजरअंदाज

शोध के प्रमुख लेखक यू हे ने कहा, “हम जिस पद्धति का इस्तेमाल करते हैं, उससे कुशलतापूर्वक आसानी से एल्बोमाइसिन तत्व संश्लेषित हो सकता है और शुरूआती जानवर लैब की प्रयोगशालाओं की जांच में पता चला है कि ये पदार्थ सुरक्षित हैं, लेकिन इसकी सुरक्षा को लेकर हम अपना शोध जारी रखेंगे.”