नई दिल्ली: मौजूदा दवाओं का नई बीमारियों के इलाज में उपयोग को लेकर अध्ययन करने वाली कंपनी लोवा लीड फार्मा ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसे औषधि महानियंत्रक से कोविड-19 के इलाज के लिए खोजी गई पहले से उपलब्ध दवा के तीसरे चरण के क्लिनिकल परीक्षण की अनुमति मिल गई है. Also Read - विश्‍व में सबसे ज्‍यादा coronavirus प्रभावित देशों की सूची में भारत 7वें स्‍थान पर

नोवा लीड फार्मा ने एक बयान में कहा कि औषधि कूट नाम एनएलपी21 का लोग कई साल से उपयोग कर रहे हैं और इसके दुष्प्रभाव को लेकर कोई चिंता की बात नहीं है. कंपनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुप्रीत देशपांडे ने कहा, ‘‘एनएलपी में विभिन्न तरीके से कोविड-19 के इलाज की क्षमता दिखी है. यह एनएलपी-21 को न केवल विषाणु से मानव कोशिका को प्रभावित होने से रोकता है बल्कि खराब हो चुकी कोशिकाओं को हटाकर नई कोशिका को फिर से पनपने का परिवेश देता है.’’ Also Read - राजस्थान: अब कोरोना संक्रमित व्यक्ति के घर के आस-पास लगेगा कर्फ्यू, जानें क्या होंगे नियम

उन्होंने कहा कि कंपनी फिलहाल दवा का नाम छिपा रही है क्योंकि अगर इसका नाम सामने आता है तो हो सकता है लोग क्लिनिकल परीक्षण से पहले इसका उपयोग करने की कोशिश करेंगे. कंपनी को उम्मीद है कि परीक्षण अगले 3-4 महीनों में पूरा हो जाएगा. Also Read - Delhi-Gurugram Border Opens: दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर खुला, जानें NCR के अन्य इलाकों का हाल