सुबह, दोपहर या शाम किस टाइम घर से निकलना है सेफ? जानिए दिन में किस समय प्रदूषण सबसे ज्यादा और सबसे कम होता है

प्रदूषण हर वक्त एक जैसा नहीं रहता, कभी हवा जहर बन जाती है तो कभी कुछ राहत देती है. ऐसे में आज हम जानेंगे कि आखिर दिन में किस समय बाहर निकलना सेफ है और किस समय हमें बाहर निकलने से बचना चाहिए.

Published date india.com Published: October 21, 2025 9:20 AM IST
सुबह, दोपहर या शाम किस टाइम घर से निकलना है सेफ? जानिए दिन में किस समय प्रदूषण सबसे ज्यादा और सबसे कम होता है

दिवाली के त्योहार को देशभर में धूमधाम से मनाया गया, हालांकि इस त्योहार की रौनक अगले दिन लोगों के लिए सांसों का संकट लेकर आती है. दरअसल दिवाली के बाद दिल्ली-NCR समेत कई शहरों की हवा प्रदूषण के चलते जहर बन जाती है, ऐसे में इस हवा में सांस लेना दूभर हो जाता है. देश के कई शहर इन दिनों प्रदूषण की मार झेल रहे हैं. लोग प्रदूषण से बचने के लिए घरों से मास्क पहनकर बाहर निकल रहे हैं.

हवा में घुले प्रदूषण के चलते आंखों में जलन और गले में खराश की परेशानी हो रही है. ऐसे में घर से तभी निकलें जब प्रदूषण का स्तर कम हो. आज हम आपको अपने लेख में बताएंगे कि आखिर दिन में किस समय प्रदूषण का स्तर और सबसे ज्यादा हो जाता है. अगर आप उस समय घर से बाहर निकलते हैं जब प्रदूषण का स्तर थोड़ा कम हो तो आपके शरीर को कई गंभीर बीमारियों से बचाया जा सकता है.

हवा में मौजूद प्रदूषक कण जैसे PM2.5 और PM10 का स्तर दिनभर एक जैसा नहीं रहता, यह लगातार मौसम, सूरज की रोशनी, हवा की रफ्तार और ट्रैफिक जैसी परिस्थितियों के अनुसार बदलता रहता

सुबह 5 से 9 का समय-

सुबह के 5 से 9 बजे के बीच अक्सर लोग टहलने जाते हैं तो कुछ अपने दफ्तर की ओर रवाना होते हैं, लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि इस समय हवा सबसे ज्यादा प्रदूषित होती है. दरअसल रात के दौरान ठंडी हवा और कम हवा के चलते प्रदूषण में मौजूद कण नीचे जमीन के पास जमा हो जाते हैं, ऐसे में जैसे ही सूरज निकलता है ये कण स्मॉग का रूप ले लेते हैं.

दोहर 12 से 3 का समय-

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वैसे तो इस दौरान लोगों का निकलना इतना ज्यादा नहीं होता है क्योंकि अधिकतर लोग ऑफिस में होते हैं तो वहीं कई लोगों घरों में होते हैं, लेकिन बाहर निकलने के लिए इस समय को सबसे सेफ माना गया है. इस समय प्रदूषण की मार कम देखने को मिलती है. सूरज की तेज रोशनी और हवा के बहाव से प्रदूषक थोड़े ऊपर उठ जाते हैं, जिससे हवा थोड़ी साफ हो जाती है.

शाम 6 से 9 का समय-

शाम 6 से 9 के बीच लोगों का आवागमन फिर से बढ़ने लगता है, इस दौरान प्रदूषण का स्तर फिर से रफ्तार पकड़ने लगता है और बढ़ने लगता है. बढ़ते ट्रैफिक, ठंडी हवा और सूरज ढलने के चलते प्रदूषक फिर से नीचे आने लगते हैं, जिस कारण प्रदूषण बढ़ने लगता है.

रात 10 बजे के बाद का समय-

इस दौरान लोग घरों से कम ही बाहर निकलते हैं, लेकिन प्रदूषक फिर से जमा होने लगते हैं. ऐसा ठंडी हवा और इसकी गति धीमी होने के चलते होता है.

बाहर कब निकलना सबसे सेफ?

अब सवाल उठता है कि आखिर किस समय घर से बाहर निकलना सबसे सेफ है? ग्राफ को देखा जाए तो 12 से 3 के बीच का समस बाहर निकलने के लिए सबसे सेफ है. इस दौरान हवा सबसे क्लीन होती है. अगर आपको किसी काम से बाहर जाना है तो इस समय को चुनें.

बाहर निकलने से कब बचें?

सुबह के 5 से 9 बजे के बीच हवा सबसे जहरीली मानी गई है ऐसे में इस दौरान बाहर निकलने से बचें साथ ही साथ शाम 6 बजे के बाद प्रदूषण फिर से रफ्तार पकड़ने लगता है ऐसे में इस दौरान भी बाहन न निकलें, खासकर बुजुर्गों और बच्चों को इससे बचना चाहिए.

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