नई दिल्ली: जो लोग शराब पीते हैं, वो उसके इतने आदि हो जाते हैं कि उन्हें बस मौका चाहिए पीने-पिलाने का. पर क्या आप जानते हैं कि शराब पीने से दिल की सेहत पर बहुत बुरा असर होता है.Also Read - Bramha Mishra Died: मिर्जापुर में मुन्ना भईया की जान बचाने वाले ब्रम्हा मिश्रा का निधन, 3 दिन तक फ्लैट में सड़ती रही लाश

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यही नहीं, पिछले तीन दशकों में आम भारतीयों में दिल की बीमारी ‘कोरोनरी आर्टरी डिजीज’ (कैड) के मामलों में 300 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखी गई है. इससे पीड़ित 2 से 6 प्रतिशत लोग गांव-कस्बों में और 4 से 12 प्रतिशत फीसदी लोग शहरों में रहते हैं. कई चीजों के अलावा, इसके लिए जीवनशैली से जुड़े कारक जैसे कि शराब का अत्यधिक मात्रा में सेवन भी जिम्मेदार है.

कैसे होता है असर

अधिक मात्रा में शराब के सेवन से रक्त धमनियों में एक प्रकार की बाधा उत्पन्न हो सकती है, जिसे एथरोस्क्लेरोसिस के नाम से जाना जाता है. इसके चलते एक या कई रक्त धमनियां थोड़ी या फिर पूरी तरह से ब्लॉक हो जाती हैं, जिससे रक्त के प्रवाह पर असर पड़ता है. अनियंत्रित कैड की वजह से एक समय के बाद हार्ट अटैक की आशंका भी बढ़ जाती है.

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क्या कहते हैं डॉक्टर

नई दिल्ली के पटपड़गंज स्थित मैक्स सुपर स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल में कार्डियक कैथ लैब के एसोसिएट डायरेक्टर एवं प्रमुख डॉ. मनोज कुमार कहते हैं, ‘जरूरत से ज्यादा शराब पीने से दिल को कई तरह के खतरे हो सकते हैं. शराब की अधिक मात्रा हार्ट मसल को क्षतिग्रस्त कर देती है और दिल की अनियमित धड़कनों के लिए यह सीधे तौर पर जिम्मेदार होती है, जिसे एरिदमिया कहा जाता है. इसकी वजह से लोग मोटापे, हाई ट्राइग्लिसराइड्स, ब्लड प्रेशर व लकवे का शिकार हो जाते हैं. ऐसे में यह बेहद जरूरी हो जाता है कि अत्यधिक मात्रा में शराब का सेवन ना करें और हफ्ते में एक या दो दिन बिल्कुल भी शराब न पीएं’.

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डॉ. कुमार ने कहा कि कैड से बचने के लिए जरूरी है कि जल्द से जल्द स्वस्थ जीवनशैली की आदतों को अपना लिया जाए. कुछ मरीजों में कैड को एंजियोग्राफी जैसी तकनीक से काबू में किया जा सकता है.

World Heart Day

लोगों को इस संबंध में जागरुक करने के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन हर साल 29 सितंबर को विश्व हृदय दिवस मनाता है.

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