देश में कोरोना वायरस महामारी से भयावह स्थिति के बीच विपक्षी पार्टियों के 12 नेताओं ने पीएम नरेंद्र मोदी (Opposition Parties Joint Letter to PM Narendra Modi) को संयुक्त पत्र लिख कोविड-19 संक्रमण से लड़ने के सुझाव दिए हैं. प्रधानमंत्री को पत्र लिखने वाले नेताओं में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी (Congress President Sonia Gandhi), झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेता हेमंत सोरेन (JMM Leader Hemant Soren), जम्मू-कश्मीर पीपुल्स अलायंस नेता फारूख अब्दुल्ला (JKPA Leader Farooq Abdullah), समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव (SP Chief Akhilesh Yadav), सीपीआई नेता डी राजा (CPI Leader D Raja) और सीपीआईएम के सीताराम येचुरी (CPI-M Sitaram Yechury) शामिल हैं. Also Read - World News: इस देश की पूरी राजधानी को आइसोलेट करने का आदेश, कोरोना केस की वजह से लिया फैसला

संयुक्त पत्र में पीएम मोदी को सुझाव देने वाले विपक्षी नेताओं में तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टॉलिन (Tamil Nadu CM MK Stalin), आरजेडी नेता तेजस्वी यादव (RJD leader Tejashwi Yadav), एनसीपी चीफ शरद पवार (NCP Chief Sharad Pawar), पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी (West Bengal CM Mamata Banerjee), महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे (Maharashtra CM Uddhav Thackeray) और जेडीएस के एचडी देवगौड़ा HD Deogora) का नाम भी शामिल है. Also Read - Punjab News: नियमित नौकरी के लिए इमारत पर चढ़ गए कैजुअल शिक्षक, दी आत्महत्या की धमकी

पत्र में केंद्र सरकार से सभी बेरोजगार लोगों को 6 हजार रुपए प्रति माह भत्ता देने और जरुरतमंदों को मुफ्त अनाज देने की मांग की गई है. इसके अलावा पत्र में कहा गया है कि सरकार संक्रमण के खिलाफ जंग में तुरंत देशभर में निशुल्क जन टीकाकरण अभियान शुरू करे. वैक्सीन के लिए 35 हजार करोड़ का बजटीय आवंटन खर्ज किया जाए.

पत्र में सेंट्रल विस्टा परियोजना के निर्माण पर रोक लगाने की मांग की गई है. विपक्षी दलों के नेताओं ने कहा कि सरकार सभी उपलब्ध स्त्रोतों (वैश्विक और घरेलू) से वैक्सीन की खरीद करें. इसके साथ ही, घरेलू वैक्सीन के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए अनिवार्य लाइसेंस की व्यवस्था को खत्म करें.