myanmar coup: म्यामांर में सेना द्वारा आंग सान सू ची की निर्वाचित सरकार को सत्ता से बेदखल कर दिये जाने के बाद करीब एक महीने के दौरान वहां से कम से कम 12 लोगों ने भारतीय सीमा पार करके मिजोरम में शरण ली. अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी.Also Read - भारत ने पहली स्‍वदेशी एंटी शिप मिसाइल का सफलतापूर्वक एयर लॉन्च किया, देखें टेस्‍ट का वीडियो

एनडीटी की रिपोर्ट के मुताबिक एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि इनमें कम से कम तीन म्यांमार पुलिस अधिकारी हैं जो वहां की सैना (military junta) से आदेश लेने से बचने के लिए भारत में घुस गए हैं, जो पिछले महीने के तख्तापलट के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों को दबाने की कोशिश कर रही है. Also Read - एसएंडपी ने भारत का वृद्धि पूर्वानुमान घटाकर 7.3 फीसदी किया, महंगाई बनी चिंता की बड़ी वजह

मिजोरम के गृह विभाग के एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि तीन पुलिसकर्मी, जो कि सीमा पार कर चुके हैं, मिजोरम के सेरछिप जिले में लुंगक्वाला (Lungkawlh in Serchhip district of Mizoram) के पास शरण लिए हुए हैं. Also Read - Viral video Of Gyanvapi में देखें वजूखाने की तरफ मुंह करके क्यों बैठे हैं नंदी?

आठ लोग सर्छिप जिले में दाखिल हुए जबकि चार अन्य लोग चंफाई जिले पहुंचे. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि शरणार्थियों की पहचान की जानी अभी बाकी है.

सर्छिप के उपायुक्त कुमार अभिषेक ने बताया कि एक ही परिवार के कुछ सदस्यों समेत पांच लोग बृहस्पतिवार को अंतरराष्ट्रीय सीमापार करके जिले में दाखिल हुए जबकि तीन अन्य ने तीन मार्च को ऐसा किया. उन्होंने बताया कि आठ लोग फिलहाल लुंगकावह में सामुदायिक सभागार में रखा गया है और जिला प्रशासन उन्हें भोजन उपलब्ध करवा रहा है.

चंफाई की उपायुक्त मारिया सी टी जुआली ने बताया कि हाल ही में म्यामांर से लोग जिले में आए हैं. उपायुक्त ने बताया कि हाल ही में म्यांमार से 100 से अधिक लोग मिजोरम में शरण लेने के लिए सीमा पार करने का प्रयास किया लेकिन असम राइफल्स ने उन्हें रोक दिया.

बता दें कि म्यांमार के साथ भारतीय राज्य मिजोरम 404 किमी सीमा शेयर करता है. अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार ने आने वाले दिनों में शरण लेने वाले लोगों की संभावित सीमा पर सभी सीमा क्षेत्रों को अलर्ट कर दिया है.