नई दिल्ली: भारत सरकार उन करीब 300 विदेशी नागरिकों को प्रतिबंधित कर सकती है, जो पर्यटक वीजा पर आने के बावजूद दिल्ली के निजामुद्दीन में एक इस्लामी संगठन के कार्यक्रम में शामिल हुए थे. अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी. ये विदेशी नागरिक मलेशिया और थाईलैंड सहित 16 देशों से आए थे.Also Read - Omicron Update: दिल्‍ली के LNJP में भर्ती 12 विदेशियों की सेहत से जुड़ा ताजा अपडेट

केंद्रीय गृह मंत्रालय के एक अधिकारी के मुताबिक, ये विदेशी उन 8000 लोगों में शामिल थे, जो निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात के मरकज में पिछले दिनों मौजूद थे. इनमें से कई लोगों में कोरोना वायरस के संक्रमण के लक्षण भी पाए गए हैं. Also Read - Omicron in India: क्या दिल्ली भी पहुंच गया है खतरनाक वेरिएंट Omicron! LNJP में भर्ती हैं कई मरीज

मार्च के मध्य में तब्लीगी जमात के धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हुए करीब 30 लोगों के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई है और पिछले कुछ दिनों में तीन की मौत भी हुई. Also Read - Deaths due to Oxygen Shortage: स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, ऑक्सीजन की कमी से सिर्फ पंजाब में हुई चार मौतें

गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘जो लोग पर्यटक वीजा पर आए और निजामुद्दीन के कार्यक्रम में शामिल हुए वह प्रतिबंधित सूची में डाले जा सकते हैं, क्योंकि उन्होंने वीजा शर्तों का उल्लंघन किया है.’ अगर किसी विदेशी का नाम नागरिक गृह मंत्रालय की प्रतिबंधित सूची में डाल दिया जाता है तो वह भविष्य में भारत की यात्रा नहीं कर सकता. पुलिस को पिछले दो दिनों में निजामुद्दीन स्थित मरकज से 281 विदेशी नागरिक मिले हैं.

इनमें नेपाल के 19, मलेशिया के 10, अफगानिस्तान का एक, म्यांमार के 33, इंडोनेशिया के 72, अल्जीरिया का एक नागरिका, किर्गिजस्तान के 28, बांग्लादेश के 19, थाईलैंड के सात, श्रीलंका के 34 नागरिक शामिल हैं. कुछ अन्य देशों के नागरिक भी हैं. अधिकारी ने कहा कि इनमें से ज्यादातर विदेशी नागरिक पर्यटक वीजा पर भारत आए थे.