नई दिल्‍ली/ अहमदाबाद: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने चेतावनी दी है कि अरब सागर में एक कम दबाव का क्षेत्र बढ़ रहा है और यह मजबूत होकर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है. तीन जून तक दक्षिणी गुजरात तटों तक पहुंच सकता है. सुमुद्र में चार जून तक स्थिति अत्यंत खराब रहने की संभावना है. 90 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और यहां तक कि हवाओं की गति 110 किलोमीटर प्रति घंटे तक भी पहुंच सकती है.Also Read - IRCTC/Indian Railways: महाराष्ट्र से हिमाचल प्रदेश के बीच चलेगी वीकली स्पेशल ट्रेन, जानिए टाइमिंग

वहीं, साइक्‍लोन का असर भी दिखाई देने लगा है. सूरत और दक्षिण गुजरात में बारिश भी हो रही है. इससे भारी बारिश की चेतावनी दी गई है. Also Read - Maharashtra HSC 2021 Results Date Announce: मंगलवार को आएंगे महाराष्ट्र एचएससी 2021 के नतीजे, इस डायरेक्ट लिंक से ऐसे चेक करें रिजल्ट

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने रविवार को कहा कि उत्तरी और दक्षिणी गुजरात तटों के पास अरब सागर में गए मछुआरों को आज वापस आ जाना चाहिए और चार जून तक सागर से दूर रहना चाहिए, क्योंकि समुद्र में बन रहा कम दबाव का क्षेत्र आगे और मजबूत होकर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है और तीन जून तक दक्षिणी गुजरात तटों तक पहुंच सकता है Also Read - शिवसेना ने कहा- महाराष्ट्र में बीजेपी का अंत निकट, जानें इतना क्यों गुस्साई है उद्धव की पार्टी

रविवार को भारतीय मौसम विभाग ने जारी अलर्ट में कहा था कि अरब सागर पर कम दबाव का क्षेत्र अगले 48 घंटों के दौरान चक्रवाती तूफान में तीव्र हो गया. यह 3 जून सुबह के आसपास उत्तरी महाराष्ट्र और दक्षिण गुजरात के तटों तक पहुंच जाएगा. यह 2-4 जून के लिए दक्षिण तटीय महाराष्ट्र में भारी वर्षा, 2-3 जून को उत्तरी तट पर और गुजरात, दमन और दीव और दादर और नगर हवेली में 3-5 जून तक भारी बारिश का अनुमान है. एक कम दबाव का क्षेत्र दक्षिण-पूर्व और उससे सटे पूर्वी मध्य अरब सागर और लक्षद्वीप क्षेत्र में बना है. यह अगले 24 घंटों के दौरान एक डिप्रेशन में केंद्रित करने और बाद के 24 घंटों के दौरान एक चक्रवाती तूफान में तेज होने की संभावना है.

खास बातें
– मौसम विज्ञान विभाग के अहमदाबाद केंद्र ने उत्तरी और दक्षिणी गुजरात तटों पर सभी बंदरगाहों पर दूरस्थ सूचक (डीसी-1) चक्रवात चेतावनी संकेत सक्रिय कर देने का परामर्श दिया है
– समुद्र में चार जून तक स्थिति अत्यंत खराब रहने की संभावना है
– 90 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं
– हवाओं की गति 110 किलोमीटर प्रति घंटे तक भी पहुंच सकती है.
– दक्षिण पूर्वी और आसपास के पूर्वी मध्य अरब सागर तथा लक्षद्वीप क्षेत्र के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है
– अगले 24 घंटे में पूर्वी मध्य और आसपास के दक्षिण पूर्वी अरब सागर के ऊपर दबाव के रूप में मजबूत होने की संभावना है – यह अगले 24 घंटों में और अधिक मजबूत होकर चक्रवाती तूफान के रूप में तबदील हो सकता है
– इसके उत्तर की तरफ आगे बढ़ने और तीन जून तक उत्तरी महाराष्ट्र औरगुजरात तटों के पास पहुंचने की काफी संभावना है.